Samachar Post रिपोर्टर, पाकुड़ : वेतन वृद्धि, बकाया एरियर के भुगतान और अन्य सुविधाओं की मांग को लेकर स्वास्थ्य विभाग के आउटसोर्सिंग कर्मचारियों ने मंगलवार को पाकुड़ समाहरणालय परिसर में प्रदर्शन किया। जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे दर्जनों कर्मचारियों ने उपायुक्त कार्यालय का घेराव कर अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी की। इस दौरान कर्मचारियों ने उपायुक्त को छह सूत्री मांगों का ज्ञापन सौंपा और लंबित समस्याओं के जल्द समाधान की मांग की। प्रदर्शन में एएनएम, जीएनएम, कंप्यूटर ऑपरेटर और सफाई कर्मियों समेत स्वास्थ्य विभाग में आउटसोर्सिंग के माध्यम से कार्यरत विभिन्न श्रेणियों के कर्मचारी शामिल हुए। कर्मचारियों का कहना है कि स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े महत्वपूर्ण कार्य करने के बावजूद उन्हें समय पर वेतन और जरूरी सुविधाएं नहीं मिल रही हैं।
वेतन और सुविधाओं से जुड़ी समस्याएं उठाईं
कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि वेतन भुगतान में देरी और मांगों पर सुनवाई नहीं होने से उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने प्रशासन से समस्याओं का जल्द समाधान करने की अपील की। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि उनकी मांगों पर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।
कर्मचारियों की छह सूत्री मांगें क्या हैं?
आउटसोर्सिंग कर्मचारियों ने उपायुक्त को सौंपे ज्ञापन में छह प्रमुख मांगें रखी हैं। इनमें वार्षिक वेतन वृद्धि, बकाया एरियर का भुगतान और वेतन से संबंधित ईपीएफ कटौती सुनिश्चित करना शामिल है। इसके अलावा कर्मचारियों ने हर महीने समय पर वेतन देने और ईएसआईसी के तहत स्वास्थ्य बीमा की सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की। उनकी छठी मांग बीपीएचयू में कार्यरत कर्मचारियों के बकाया वेतन से संबंधित है। कर्मचारियों का दावा है कि बीपीएचयू के कर्मियों को पिछले पांच महीने से वेतन नहीं मिला है। उन्होंने लंबित राशि का जल्द भुगतान करने की मांग की।
मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी
समाहरणालय परिसर में प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी समस्याओं पर जल्द सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई, तो आने वाले दिनों में आंदोलन तेज किया जाएगा। जानकारी के अनुसार, उपायुक्त कार्यालय ने कर्मचारियों का ज्ञापन प्राप्त कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। अब कर्मचारी अपनी छह सूत्री मांगों पर प्रशासन की पहल का इंतजार कर रहे हैं। खास तौर पर बीपीएचयू कर्मचारियों के कथित तौर पर पांच महीने से लंबित वेतन भुगतान को लेकर जल्द निर्णय लेने की मांग की जा रही है।























