Samachar Post रिपोर्टर, कोडरमा : “मातृ पोषण की डोर, उज्ज्वल भविष्य की ओर” थीम के साथ शनिवार को कोडरमा से प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना संवाद कार्यक्रम की शुरुआत की गई। झुमरीतिलैया स्थित शिव वाटिका में आयोजित इस कार्यक्रम में केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। कार्यक्रम में बरकट्ठा विधायक अमित यादव, आंगनबाड़ी सेविकाएं, सहिया कार्यकर्ता, गर्भवती महिलाएं और बड़ी संख्या में किशोरी बालिकाएं उपस्थित रहीं।
स्वस्थ मां और स्वस्थ शिशु पर केंद्रित रहा संवाद
कार्यक्रम के दौरान गर्भधारण से लेकर बच्चे के जन्म के बाद के शुरुआती 1000 दिनों के महत्व पर विस्तार से चर्चा की गई। उपस्थित महिलाओं और किशोरियों को बताया गया कि जीवन के पहले 1000 दिन बच्चे के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए सबसे महत्वपूर्ण माने जाते हैं।योजना के तहत गर्भवती महिलाओं को पोषण और शिशु देखभाल के लिए मिलने वाली आर्थिक सहायता की जानकारी भी साझा की गई।

मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य में सुधार का दावा
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने कहा कि प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना और लगातार चलाए जा रहे जनजागरूकता अभियानों के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि योजना के प्रभाव से मातृ मृत्यु दर (MMR) और शिशु मृत्यु दर (IMR) में कमी दर्ज की गई है। मंत्री ने कहा कि सरकार माताओं और नवजात शिशुओं के बेहतर स्वास्थ्य के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से लगातार कार्य कर रही है।
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पहले 1000 दिनों को बताया जीवन की मजबूत नींव
बरकट्ठा विधायक अमित यादव ने अपने संबोधन में कहा कि बच्चे के जीवन के पहले 1000 दिन उसके भविष्य की दिशा तय करते हैं। उन्होंने कहा कि स्वस्थ मां और स्वस्थ शिशु ही सशक्त समाज और विकसित भारत की आधारशिला हैं। कार्यक्रम में मौजूद आंगनबाड़ी सेविकाओं और सहिया कार्यकर्ताओं से योजना का लाभ अधिक से अधिक पात्र महिलाओं तक पहुंचाने की अपील की गई। साथ ही पोषण, स्वास्थ्य जांच और समय पर टीकाकरण के महत्व पर भी जोर दिया गया।

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मैंने सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ झारखंड से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री ली है। पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर मेरा अनुभव फिलहाल एक साल से कम है। सामाचार पोस्ट मीडिया के साथ जुड़कर स्टाफ रिपोर्टर के रूप में काम कर रही हूं।

