Samachar Post रिपोर्टर, रांची : झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की भर्ती परीक्षा में कथित धांधली के मामले में जेल में बंद JPSC के पूर्व अध्यक्ष और राज्य के पूर्व मुख्य सचिव एल ख्यांग्ते ने अब झारखंड हाईकोर्ट का रुख किया है। उन्होंने अपने अधिवक्ता के माध्यम से हाईकोर्ट में जमानत याचिका दायर की है। हालांकि, फिलहाल उनकी याचिका सुनवाई के लिए सूचीबद्ध नहीं हुई है। एल ख्यांग्ते की गिरफ्तारी JPSC भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं की जांच कर रही CID ने की थी। वह फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं।
निचली अदालत से पहले ही खारिज हो चुकी है बेल
हाईकोर्ट का रुख करने से पहले एल ख्यांग्ते ने रांची सिविल कोर्ट की CID कोर्ट में भी जमानत याचिका दाखिल की थी। हालांकि, कोर्ट ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी। रिपोर्ट के मुताबिक, सुनवाई के दौरान CID ने मामले से जुड़े दस्तावेज और अन्य साक्ष्य कोर्ट के सामने रखे थे। मामले की गंभीरता और जांच से जुड़े तथ्यों को देखते हुए निचली अदालत ने उन्हें जमानत देने से इनकार कर दिया था।
10 अगस्त को CID ने किया था गिरफ्तार
एल ख्यांग्ते से JPSC भर्ती परीक्षा में कथित धांधली के मामले में CID ने पूछताछ की थी। करीब तीन दिनों की पूछताछ के बाद 10 अगस्त को उन्हें गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद से वह न्यायिक हिरासत में हैं। एल ख्यांग्ते के खिलाफ CID ने कांड संख्या 16/2026 के तहत मामला दर्ज किया है। इसी मामले में अब उन्होंने हाईकोर्ट से जमानत की मांग की है।
हाईकोर्ट में सुनवाई का इंतजार
एल ख्यांग्ते की ओर से दायर जमानत याचिका अभी हाईकोर्ट में सुनवाई के लिए सूचीबद्ध नहीं हुई है। अब मामले में याचिका की सुनवाई कब होती है और कोर्ट की ओर से क्या आदेश आता है, इस पर नजर रहेगी। मामला JPSC भर्ती परीक्षा में कथित धांधली और अनियमितताओं की CID जांच से जुड़ा है। जांच एजेंसी की कार्रवाई और अदालत में पेश किए गए दस्तावेजों के आधार पर मामले की आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।




















