Samachar Post रिपोर्टर, जामताड़ा : चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ ने सारठ विधानसभा क्षेत्र के कई गांवों में भारी तबाही मचाई है। मरंगा, पतरघटिया, बरमसिया, दुबराजपुर, शिखर नवाडीह और पाड़ो समेत कई गांवों में तेज आंधी, बारिश और तूफान से सैकड़ों घरों को नुकसान पहुंचा है। हजारों पेड़ उखड़ने की भी बात सामने आई है। तूफान के बाद कई परिवारों के सामने रहने और खाने-पीने की समस्या खड़ी हो गई है। कई घरों में रखा सामान और जरूरी सामग्री भी बर्बाद होने की जानकारी दी गई है।
पूर्व मंत्री ने प्रभावित गांवों का किया दौरा
तूफान के बाद सारठ के पूर्व कृषि मंत्री रणधीर सिंह ने शनिवार देर रात प्रभावित गांवों का दौरा किया। उन्होंने प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर नुकसान का जायजा लिया और उनकी समस्याएं सुनीं। इस दौरान रणधीर सिंह ने अपने स्तर से प्रभावित परिवारों को तत्काल नकद राशि और अन्य राहत सामग्री उपलब्ध कराई। उन्होंने लोगों को हरसंभव मदद का भरोसा भी दिया।
सभी वर्गों के परिवारों के घर प्रभावित
दौरे के दौरान रणधीर सिंह ने कहा कि पालोजोरी प्रखंड के अलग-अलग गांवों में आंधी और बारिश से व्यापक नुकसान हुआ है। उनके मुताबिक, हिंदू, मुस्लिम और आदिवासी समुदाय समेत सभी वर्गों के परिवार तूफान से प्रभावित हुए हैं। उन्होंने कहा कि कई परिवारों के घर पूरी तरह तबाह हो गए हैं। ऐसे परिवारों के सामने रहने के साथ-साथ भोजन और रोजमर्रा की जरूरतों का संकट भी खड़ा हो गया है।
सरकार और प्रशासन पर अनदेखी का आरोप
रणधीर सिंह ने राज्य सरकार और जिला प्रशासन पर प्रभावित परिवारों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि अब तक गरीब परिवारों के लिए पर्याप्त राहत व्यवस्था नहीं की गई है। पूर्व मंत्री ने मांग की कि जिला प्रशासन तत्काल नुकसान का आकलन कराए और प्रभावित परिवारों के लिए राहत एवं पुनर्वास की व्यवस्था करे। उन्होंने सरकार से विशेष फंड उपलब्ध कराने और प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने की मांग की।
स्थानीय विधायक पर भी साधा निशाना
रणधीर सिंह ने स्थानीय विधायक की भूमिका पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि जिन समुदायों के लोगों ने विधायक को समर्थन दिया, आज उन्हीं परिवारों के घर और जमा पूंजी तूफान में बर्बाद हो गई है, लेकिन विधायक प्रभावित लोगों के बीच नजर नहीं आ रहे हैं। पूर्व मंत्री ने कहा कि यदि सरकार और स्थानीय विधायक ने प्रभावित गरीब परिवारों को जल्द सहायता उपलब्ध नहीं कराई, तो बीजेपी प्रभावित लोगों के साथ मिलकर आंदोलन करेगी। तूफान से हुए नुकसान के बीच अब प्रभावित परिवारों को प्रशासनिक राहत और तत्काल सहायता का इंतजार है।























