Samachar Post रिपोर्टर, धनबाद : झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी सत्ता में वापसी की संभावना नहीं देखकर आंदोलन के जरिए मीडिया में बने रहना चाहती है। गुरुवार शाम धनबाद सर्किट हाउस पहुंचने पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। इस दौरान उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कांग्रेस के आंदोलन पर सवाल उठाए।
राहुल और प्रियंका गांधी पर साधा निशाना
बाबूलाल मरांडी ने राहुल गांधी और प्रियंका गांधी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस अपने आंदोलनों के जरिए देश में अराजकता फैलाना चाहती है। उन्होंने दावा किया कि बिहार, पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु और ओडिशा समेत कई राज्यों में कांग्रेस का राजनीतिक प्रभाव कमजोर हुआ है। मरांडी ने सवाल उठाया कि इन राज्यों में कांग्रेस जब सत्ता में नहीं आ पा रही थी, तब ज्ञानेश कुमार मुख्य चुनाव आयुक्त नहीं थे। उस समय नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री और अमित शाह केंद्रीय गृह मंत्री भी नहीं थे। उन्होंने कांग्रेस के आंदोलन को राजनीतिक हताशा का परिणाम बताया।
मुख्य चुनाव आयुक्त के मुद्दे पर कांग्रेस को घेरा
कांग्रेस की ओर से मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर किए जा रहे आंदोलन पर मरांडी ने कहा कि पार्टी को पता है कि वह सत्ता में वापसी नहीं कर सकती। इसलिए वह आंदोलन के जरिए मीडिया में बने रहने की कोशिश कर रही है। उनके इस बयान से मुख्य चुनाव आयुक्त और चुनाव आयोग के कामकाज को लेकर जारी राजनीतिक विवाद के बीच भाजपा और कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप और तेज होने की संभावना है।
सीजेपी के आंदोलन पर भी की टिप्पणी
बाबूलाल मरांडी ने सीजेपी के आंदोलन पर भी टिप्पणी की। उन्होंने संगठन की तुलना माओवादी और नक्सली विचारधारा से करते हुए आरोप लगाया कि यह संगठन माओवादी विचारधारा पर चलता है। उन्होंने दावा किया कि देश की जनता संगठन को समझ चुकी है और उसके तौर-तरीकों को स्वीकार नहीं करेगी। मरांडी के इस बयान से भी राजनीतिक बहस तेज होने के आसार हैं।





















