Samachar Post रिपोर्टर, लोहरदगा : नक्सलियों से लोहा लेते हुए शहीद हुए लोहरदगा के तत्कालीन एसपी अजय कुमार सिंह को उनकी पुण्यतिथि पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी गई। उनकी स्मृति में बनाए गए अजय उद्यान में श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई। इसमें डीसी संदीप कुमार मीना, एसपी सादिक अनवर रिजवी, जिले के अधिकारी, समाजसेवी और शहीद के पिता व परिजन शामिल हुए। श्रद्धांजलि सभा में मौजूद लोगों ने अजय उद्यान और पुलिस मुख्यालय स्थित शहीद अजय कुमार सिंह की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया। इसके बाद सर्वधर्म प्रार्थना आयोजित की गई और शहीद को शोक सलामी दी गई।
4 अक्टूबर 2000 को पेशरार में हुए थे शहीद
डीसी संदीप कुमार मीना ने कहा कि शहीद अजय कुमार सिंह के बताए मार्ग पर चलते हुए जिले के विकास के लिए लगातार काम करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। उन्होंने लोहरदगा के नक्सलमुक्त होने का उल्लेख करते हुए कहा कि शहीद एसपी का बलिदान हमेशा याद किया जाएगा। गौरतलब है कि 4 अक्टूबर 2000 को पेशरार क्षेत्र में पीपुल्स वार ग्रुप के नक्सलियों के साथ हुई मुठभेड़ में एसपी अजय कुमार सिंह शहीद हो गए थे। उस समय लोहरदगा जिले में नक्सल गतिविधियां चरम पर थीं और पेशरार क्षेत्र अत्यधिक नक्सल प्रभावित इलाकों में शामिल था।
22 साल की उम्र में बने थे IPS अधिकारी
बेगूसराय में जन्मे अजय कुमार सिंह ने महज 22 वर्ष की उम्र में आईपीएस अधिकारी बनने का गौरव हासिल किया था। लोहरदगा में तैनाती के दौरान उन्होंने जिले की सुरक्षा के लिए नक्सलियों के खिलाफ अभियान में नेतृत्व किया। पेशरार में मुठभेड़ के दौरान उन्होंने देश और कर्तव्य के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया। उनकी शहादत के तीन साल बाद सम्मान और स्मृति में अजय उद्यान का निर्माण कराया गया और वहां उनकी प्रतिमा स्थापित की गई।
आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देता है बलिदान
श्रद्धांजलि सभा में अधिकारियों और परिजनों ने शहीद अजय कुमार सिंह के साहस और कर्तव्यनिष्ठा को याद किया। अजय उद्यान और उनकी प्रतिमा आज भी उनके बलिदान की स्मृति को जीवंत रखते हैं। शहीद एसपी अजय कुमार सिंह की वीरता और कर्तव्य के प्रति समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना हुआ है।























