Samachar Post रिपोर्टर,कोडरमा :कोडरमा जिले के डोमचांच प्रखंड अंतर्गत पुरनाडीह पंचायत के ग्राम नवादा स्थित राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय में शिक्षा व्यवस्था गंभीर चुनौतियों से जूझ रही है। कक्षा 1 से 8 तक की पढ़ाई होने वाले इस विद्यालय में सिर्फ दो शिक्षक और तीन कमरे हैं, जिससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। विद्यालय में छात्र-छात्राओं की संख्या अधिक है, लेकिन शिक्षकों की भारी कमी के कारण दो शिक्षकों को एक साथ कई कक्षाओं को संभालना पड़ता है। सीमित कमरों में कई कक्षाओं के बच्चों को बैठाकर पढ़ाया जा रहा है, जिससे पढ़ाई सुचारु और गुणवत्तापूर्ण ढंग से नहीं हो पा रही है।
यह भी पढ़ें :JPSC पर अनियमितता के आरोपों को लेकर BJYM का प्रदर्शन, कट-ऑफ जारी करने और निष्पक्ष जांच की मांग
जर्जर भवन में पढ़ने को मजबूर बच्चे
स्कूल के तीन कमरों में से दो कमरे जर्जर अवस्था में हैं। कमरों की छत और दीवारों में दरारें पड़ चुकी हैं। बरसात के दौरान छत से पानी टपकता है, जिससे बच्चों और शिक्षकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। खराब भवन की वजह से हमेशा किसी बड़े हादसे का खतरा बना रहता है। विद्यालय के शिक्षक और अभिभावक बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं। उनका कहना है कि जर्जर भवन में पढ़ाई कराना जोखिम भरा है। बारिश के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है।

अतिरिक्त शिक्षक और नए भवन की मांग
विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक ने शिक्षा विभाग से जल्द अतिरिक्त शिक्षकों की नियुक्ति और नए स्कूल भवन के निर्माण की मांग की है। उनका कहना है कि पर्याप्त शिक्षक और सुरक्षित भवन मिलने पर ही बच्चों को बेहतर शिक्षा मिल सकेगी। वहीं, ग्रामीणों ने भी जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग से स्कूल की स्थिति में जल्द सुधार करने की मांग की है ताकि बच्चे सुरक्षित माहौल में पढ़ाई कर सकें।





















