Samachar Post रिपोर्टर,लातेहार :झारखंड के पलामू टाइगर रिजर्व (PTR) के गारू रेंज में तैनात ट्रैकर गार्ड लल्लू उरांव की करंट लगने से दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है, जबकि परिजनों ने वन विभाग के अधिकारियों पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। जानकारी के अनुसार, यह हादसा बीती देर रात हुआ। मृतक के परिजनों का आरोप है कि वन विभाग के एक फॉरेस्ट गार्ड के कहने पर लल्लू उरांव को बिजली का तार ठीक करने के लिए पेड़ पर चढ़ाया गया था। इसी दौरान वह करंट की चपेट में आ गया और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
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परिजनों का आरोप- बिना सूचना दिए अस्पताल पहुंचाया शव
मृतक के परिवार का कहना है कि घटना के बाद विभागीय अधिकारियों ने उन्हें कोई सूचना नहीं दी। आरोप है कि शव को सीधे लातेहार अस्पताल पहुंचा दिया गया, जबकि परिजनों को इसकी जानकारी बाद में मिली। घटना के बाद से परिवार में मातम पसरा हुआ है और स्थानीय लोगों में भी भारी आक्रोश देखा जा रहा है।
भाई ने लगाया विभागीय लापरवाही का आरोप
मृतक के भाई निलेम उरांव ने बताया कि वन विभाग कार्यालय के पास रात में बिजली का तार गिर गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि बिजली विभाग को सूचना देने के बजाय उनके भाई को ही तार ठीक करने के लिए भेज दिया गया, जिससे यह हादसा हुआ। परिजनों का यह भी आरोप है कि घटना के बाद संबंधित अधिकारियों के मोबाइल फोन बंद हैं और कोई भी जिम्मेदार अधिकारी संपर्क में नहीं आ रहा है।
मुआवजे और नौकरी की मांग
परिवार ने सरकार और प्रशासन से मृतक की पत्नी को सरकारी नौकरी और 60 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग की है। परिजनों का कहना है कि लल्लू उरांव परिवार के इकलौते कमाने वाले सदस्य थे। वहीं वन विभाग के ट्रैकर गार्ड अजय कुमार ने भी बताया कि बिजली का तार गिरने के बाद लल्लू उरांव को उसे ठीक करने के लिए पेड़ पर चढ़ाया गया था, जहां करंट लगने से उनकी मौत हो गई।
पुलिस ने शुरू की जांच
मामले को लेकर थाना प्रभारी जयप्रकाश शर्मा ने बताया कि घटना की सूचना मिल चुकी है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच में जुटी हुई है।
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