Samachar Post रिपोर्टर, पाकुड़ : झारखंड के पाकुड़ में खनन सामग्री का परिवहन करने वाले ट्रैक्टर और अन्य व्यावसायिक वाहनों के खिलाफ जिला परिवहन विभाग ने सख्ती शुरू कर दी है। उपायुक्त मेघा भारद्वाज के निर्देश पर शुक्रवार को जिला परिवहन पदाधिकारी मोहम्मद मुजाहिद अंसारी के नेतृत्व में वाहन मालिकों और चालकों के साथ बैठक की गई। इसमें सड़क सुरक्षा और मोटर वाहन अधिनियम के नियमों की जानकारी देते हुए जरूरी दिशा-निर्देश दिए गए।
सड़क किनारे पार्किंग पर रोक, निर्धारित स्थान पर खड़े होंगे वाहन
बैठक में स्पष्ट किया गया कि खनन सामग्री ढोने वाले वाहन सड़क किनारे अनावश्यक रूप से खड़े नहीं किए जाएंगे। खासकर बाजार समिति फील्ड के मुख्य गेट के सामने मुख्य सड़क पर ट्रैक्टर और अन्य व्यावसायिक वाहनों की पार्किंग प्रतिबंधित रहेगी। वाहनों को सड़क से करीब 20 से 50 मीटर की दूरी पर निर्धारित सुरक्षित स्थान पर खड़ा करना होगा, ताकि आम लोगों और अन्य वाहनों की आवाजाही बाधित न हो।

त्रिपाल से ढककर ले जानी होगी गिट्टी, बालू और चिप्स
गिट्टी, चिप्स, बालू, डस्ट और अन्य खनन सामग्री का परिवहन करते समय उसे त्रिपाल, प्लास्टिक या किसी अन्य उपयुक्त सामग्री से पूरी तरह ढकना अनिवार्य होगा। बिना ढके सामग्री ले जाने वाले वाहन चालकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा निर्धारित क्षमता से अधिक माल लादने यानी ओवरलोडिंग पर रोक लगाई गई है। ट्रैक्टर-ट्रॉली और अन्य वाहनों की बॉडी में अवैध बदलाव पाए जाने पर भी कार्रवाई होगी। परिवहन के दौरान चालकों के पास वैध खनन चालान की मूल प्रति होना जरूरी है।
वाहन के दस्तावेज और ड्राइविंग लाइसेंस रखना होगा अपडेट
जिला परिवहन पदाधिकारी ने वाहन मालिकों को सभी जरूरी दस्तावेज दुरुस्त रखने का निर्देश दिया। इनमें वाहन का रजिस्ट्रेशन, इंश्योरेंस, फिटनेस प्रमाणपत्र, प्रदूषण प्रमाणपत्र और चालक का वैध ड्राइविंग लाइसेंस शामिल हैं। दस्तावेजों में कमी मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वाहन चलाते समय तेज रफ्तार और लापरवाही बरतने वालों पर भी सख्ती की चेतावनी दी गई है। ड्राइविंग के दौरान मोबाइल फोन या अन्य इलेक्ट्रॉनिक गैजेट का इस्तेमाल प्रतिबंधित रहेगा।
नियम तोड़ने पर वाहन जब्त करने की चेतावनी
जिला परिवहन पदाधिकारी मोहम्मद मुजाहिद अंसारी ने कहा कि जारी दिशा-निर्देशों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जरूरत पड़ने पर ऐसे वाहनों को जब्त भी किया जा सकता है। उन्होंने वाहन मालिकों और चालकों को किसी बिचौलिए या दलाल के झांसे में नहीं आने तथा किसी भी जानकारी के लिए सीधे परिवहन कार्यालय से संपर्क करने की सलाह दी। साथ ही आम नागरिकों और वाहन चालकों से सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की।






















