झारखंड विधानसभा में गरमाया बजट सत्र, जेल सुरक्षा से JPSC-JSSC तक सरकार से तीखे सवाल

Meenu | February 21, 2026 | 01:00 PM IST

Samachar Post रिपोर्टर,रांची :झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के चौथे दिन सदन में तीखी बहस और सवाल-जवाब का दौर देखने को मिला। प्रश्नकाल के दौरान विपक्ष और सत्ता पक्ष के विधायकों ने राज्य की सुरक्षा व्यवस्था, प्रतियोगी परीक्षाओं की पारदर्शिता और स्थानीय समस्याओं को लेकर सरकार को घेरा। अब नजर इस बात पर है कि संबंधित विभाग इन मुद्दों पर क्या ठोस जवाब और कार्रवाई करते हैं।

चयन समितियों में जनप्रतिनिधियों को शामिल करने की मांग

विधायक जयराम महतो ने राज्य स्तरीय स्थापना समिति में जनप्रतिनिधियों की भागीदारी सुनिश्चित करने की मांग उठाई। उनका कहना था कि स्थानांतरण और पदस्थापन जैसे अहम फैसलों में पारदर्शिता लाने के लिए यह जरूरी है। उन्होंने सरकार से इस दिशा में ठोस पहल करने का आग्रह किया।

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साइबर अपराध और जेल सुरक्षा पर चिंता

वरिष्ठ विधायक हेमलाल मुर्मू ने राज्य में बढ़ती आपराधिक घटनाओं पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि साइबर ठगी के मामलों का अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क से जुड़ाव सामने आ रहा है, जबकि विभिन्न जिलों में जेल से फरारी की घटनाएं भी बढ़ी हैं। साथ ही नशीले पदार्थों की खेती और तस्करी को लेकर सख्त कार्रवाई की मांग की।

JPSC-JSSC परीक्षाओं में ब्लैकलिस्टेड कंपनी का मुद्दा

विधायक देवेंद्र कुंवर ने प्रतियोगी परीक्षाओं के संचालन को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक, ओएमआर शीट में हेराफेरी और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे मामलों में ब्लैकलिस्ट की गई कंपनी अब भी परीक्षाएं संचालित कर रही है। उन्होंने सरकार से उच्चस्तरीय जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की।

सिमडेगा में वज्रपात से सुरक्षा का मुद्दा

विधायक भूषण बाड़ा ने सिमडेगा जिले में वज्रपात से होने वाली मौतों पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि भौगोलिक स्थिति के कारण हर साल ग्रामीणों और पशुधन की जान जाती है। उन्होंने संवेदनशील क्षेत्रों में तड़ित चालक लगाने की योजना पर सरकार से स्पष्टीकरण मांगा।

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