Samachar Post रिपोर्टर,हजारीबाग :केरेडारी प्रखंड के जोरदाग गांव में पिछले पांच दिनों से लगातार मवेशियों की मौत का सिलसिला जारी है। ग्रामीणों के अनुसार हर दिन 12–13 पशु मारे जा रहे हैं, और अब तक 60 से अधिक मवेशियों की मौत हो चुकी है। पशुपालकों का कहना है कि पास की सीसीएल खदान से निकलने वाला जहरीला पानी पास के जलस्रोतों में मिल रहा है। इस पानी को पीने के बाद मवेशी बीमार पड़ रहे हैं और कुछ ही समय में उनकी मौत हो जाती है। मवेशियों की मौत से ग्रामीणों की आजीविका पर सीधा असर पड़ा है। पशुपालक अब आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। उनका कहना है कि सिर्फ जांच भरोसा नहीं दिला सकती, उन्हें तत्काल राहत और ठोस कार्रवाई की आवश्यकता है।
यह भी पढ़ें :लातेहार स्थापना दिवस पर राहुल सिंह का बड़ा ऐलान: कोई बच्चा शिक्षक के बिना नहीं रहेगा
अधिकारियों को जांच के निर्देश
स्थानीय विधायक रोशन लाल चौधरी ने मामले का संज्ञान लिया और बीडीओ सहित सीसीएल अधिकारियों को जांच के निर्देश दिए हैं। हालांकि, ग्रामीणों का कहना है कि यदि तुरंत कदम नहीं उठाए गए, तो समस्या और गंभीर रूप ले सकती है। यह मामला खनन और औद्योगिक गतिविधियों के दुष्परिणाम को उजागर करता है। विकास के नाम पर होने वाली गतिविधियों का खामियाजा गांव के बेजुबान जानवर और गरीब पशुपालक भुगत रहे हैं। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या प्रशासन समय रहते सख्त कदम उठाएगा या ये घटनाएं भी आंकड़ों में दबकर रह जाएंगी।






















