Samachar Post रिपोर्टर, गोड्डा : जिले के प्रसिद्ध भगैया सिल्क को जीआई (GI) टैग दिलाने की पहल को लेकर गतिविधियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में भगैया स्थित बुनकर भवन में स्थानीय बुनकरों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक हुई। बैठक में ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री दीपिका पांडेय सिंह के सम्मान में प्रस्तावित समारोह की तैयारियों और कार्यक्रम की रूपरेखा पर चर्चा की गई। बैठक के दौरान भगैया सिल्क को जीआई टैग दिलाने की दिशा में मंत्री दीपिका पांडेय सिंह की ओर से किए जा रहे प्रयासों को लेकर सम्मान समारोह आयोजित करने की बात कही गई। कार्यक्रम को लेकर बुनकरों और स्थानीय कार्यकर्ताओं से आवश्यक सुझाव भी लिए गए।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं और बुनकरों ने लिया हिस्सा
बैठक में बीस सूत्री अध्यक्ष सह पूर्व प्रखंड कांग्रेस अध्यक्ष अवधेश कुमार ठाकुर के अलावा प्रखंड कांग्रेस के कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में स्थानीय बुनकर शामिल हुए। इस दौरान प्रस्तावित सम्मान समारोह के आयोजन स्थल, तैयारियों और कार्यक्रम के विभिन्न पहलुओं पर विचार-विमर्श किया गया। आयोजन को सफल बनाने के लिए बुनकरों और कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय पर भी जोर दिया गया।
GI टैग मिलने से बुनकरों को बाजार बढ़ने की उम्मीद
बैठक में स्थानीय बुनकरों ने कहा कि भगैया सिल्क क्षेत्र की पारंपरिक पहचान के साथ-साथ बड़ी संख्या में लोगों की आजीविका से जुड़ा है। बुनकरों का मानना है कि जीआई टैग मिलने से इस उत्पाद की विशिष्ट पहचान को व्यापक स्तर पर बढ़ावा मिल सकता है। बुनकरों के अनुसार, जीआई टैग से भगैया सिल्क की पहचान मजबूत होने के साथ इसके बाजार और मांग में बढ़ोतरी की संभावना है। इससे स्थानीय स्तर पर काम करने वाले बुनकरों को अपने उत्पाद की बेहतर पहचान और बाजार उपलब्ध होने में मदद मिल सकती है।
सम्मान समारोह की तैयारियों पर चर्चा
बैठक में प्रस्तावित सम्मान समारोह को सफल बनाने के लिए तैयारियों और आपसी समन्वय पर विशेष चर्चा हुई। बुनकरों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कार्यक्रम से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर अपने सुझाव साझा किए। बैठक में मौजूद लोगों ने भगैया सिल्क को जीआई टैग दिलाने की पहल को स्थानीय बुनकरों और पारंपरिक सिल्क उद्योग के लिए महत्वपूर्ण बताया।




















