Samachar Post रिपोर्टर, चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम समाहरणालय सभागार में गुरुवार को पीएम पोषण शक्ति निर्माण योजना की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक हुई। उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में हुई बैठक में स्कूलों में मध्याह्न भोजन वितरण, विद्यार्थियों की उपस्थिति, जरूरी सामग्री और शैक्षणिक गतिविधियों की समीक्षा की गई। उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिया कि स्कूल में उपस्थित हर विद्यार्थी को शत-प्रतिशत मध्याह्न भोजन उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने भोजन वितरण से जुड़े आंकड़ों और रिपोर्ट को वास्तविक स्थिति के अनुसार नियमित रूप से अपडेट करने को भी कहा।
भोजन की गुणवत्ता और पारदर्शिता पर जोर
उपायुक्त मनीष कुमार ने पीएम पोषण योजना के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और नियमितता बनाए रखने का निर्देश दिया। उन्होंने स्कूलों में बच्चों को दिए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने को कहा। उन्होंने अधिकारियों और कर्मियों से योजना के क्रियान्वयन की लगातार निगरानी करने और किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं बरतने की बात कही। बैठक में स्कूलों में थाली, गिलास और अन्य आवश्यक सामग्री की उपलब्धता की भी समीक्षा की गई। जिन स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या के अनुपात में सामग्री की कमी है, वहां विद्यालयवार जरूरत का आकलन कर जल्द आपूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।

स्कूलों का नियमित निरीक्षण करेंगे BRC-CRC समन्वयक
उपायुक्त ने बीआरसी और सीआरसी समन्वयकों को नियमित रूप से स्कूलों का भ्रमण करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि निगरानी केवल योजनाओं के संचालन तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। स्कूलों के निरीक्षण के दौरान विद्यार्थियों की उपस्थिति, कक्षाओं में शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया और बच्चों की शैक्षणिक प्रगति की भी समीक्षा की जाए। संबंधित अधिकारियों और कर्मियों को आपसी समन्वय के साथ पीएम पोषण योजना का प्रभावी और समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने को कहा गया।




















