गिरिडीह में मृत्यु प्रमाण पत्र में फर्जीवाड़े का आरोप, 5 साल से भटक रहा पीड़ित परिवार

Samachar Post रिपोर्टर, गिरिडीह: गिरिडीह जिले के जमुआ थाना क्षेत्र की बलगो पंचायत में मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करने को लेकर गंभीर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। पीड़ित परिवार ने पंचायत की मुखिया और सचिव पर मिलीभगत कर गलत तारीख के साथ फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करने का आरोप लगाया है।

गलत तारीख दर्ज करने का आरोप

जानकारी के अनुसार, मेरखोगुंडी कला निवासी रामप्रसाद वर्मा के पिता अमृत महतो का निधन 21 फरवरी 2020 को हुआ था। परिवार का आरोप है कि अंतिम संस्कार और अन्य कार्यों में व्यस्त रहने के दौरान पंचायत की मुखिया केसरी देवी ने अपने लेटर पैड पर मृत्यु की गलत तारीख दर्ज कर दी। आरोप है कि प्रमाण पत्र में 21 जनवरी 2020 की तारीख दिखाकर दूसरे व्यक्ति को दस्तावेज जारी किया गया।

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पैसे लेकर प्रमाण पत्र जारी करने का आरोप

पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया है कि पैसों के लेनदेन के कारण फर्जी प्रमाण पत्र जारी किया गया। मामले में पंचायत स्तर पर भ्रष्टाचार और अनियमितता के आरोप लगाए गए हैं। परिजनों का कहना है कि पंचायत समिति सदस्य लखन हसदा ने जांच के बाद सही मृत्यु तिथि 21 फरवरी 2020 बताते हुए अलग से प्रमाण जारी किया था, लेकिन इसके बावजूद अब तक सही मृत्यु प्रमाण पत्र नहीं बनाया गया।

5 साल से लगा रहे दफ्तरों के चक्कर

रामप्रसाद वर्मा का कहना है कि उन्होंने अधिकारियों को बैंक खाते से मृत्यु से एक दिन पहले की निकासी का रिकॉर्ड भी उपलब्ध कराया, ताकि यह साबित हो सके कि उनके पिता उस समय जीवित थे। इसके बावजूद पिछले पांच वर्षों से उन्हें सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। पीड़ित परिवार ने उपायुक्त को आवेदन देकर सही मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करने और मामले में शामिल लोगों पर कार्रवाई की मांग की है। साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की भी अपील की गई है।

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