पारसनाथ की सबसे ऊंची चोटी पर बने दिशोम गुरु की प्रतिमा’, विधानसभा में जयराम महतो ने की मांग

Rupa Kumari | August 22, 2025 | 04:43 PM IST

Samachar Post डेस्क, रांची : झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र की शुरुआत भावुक माहौल में हुई। सत्र के पहले दिन शुक्रवार को सदन में राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री और झारखंड आंदोलन के प्रणेता दिशोम गुरु शिबू सोरेन को श्रद्धांजलि दी गई।
स्पीकर रविन्द्रनाथ महतो, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी समेत तमाम विधायकों ने गुरुजी के योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

पारसनाथ की चोटी पर प्रतिमा लगाने की मांग

डुमरी विधायक जयराम महतो ने सदन में अहम प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि पारसनाथ की सबसे ऊंची चोटी पर दिशोम गुरु शिबू सोरेन की प्रतिमा स्थापित की जानी चाहिए।
इसके साथ ही उन्होंने सुझाव दिया कि झारखंड आंदोलन के वीर सपूतों – बिनोद बिहारी महतो, शिवा महतो और निर्मल महतो की प्रतिमाएँ भी वहां लगाई जानी चाहिए, ताकि आने वाली पीढ़ियां राज्य के संघर्ष और बलिदान से परिचित हो सकें।

भारत रत्न और स्कूल पाठ्यक्रम में जीवनी शामिल करने की अपील

पौड़ैयाहाट विधायक प्रदीप यादव ने भावुक अपील करते हुए कहा कि दिशोम गुरु शिबू सोरेन को उनके जीवन भर के संघर्ष और योगदान के लिए ‘भारत रत्न’ से सम्मानित किया जाना चाहिए।
उन्होंने विधानसभा से आग्रह किया कि इस संबंध में एक प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार को भेजा जाए।

यह भी पढ़ें : बिजली के खंभे पर गिरा ठनका, छह बकरियों की मौत

यादव ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से यह भी अनुरोध किया कि शिबू सोरेन की संघर्ष गाथा और जीवनी को स्कूलों के पाठ्यक्रम में शामिल किया जाए। उनका मानना है कि इससे राज्य के बच्चों को अपने इतिहास और आंदोलनकारी नायकों के विचारों से जुड़ने का अवसर मिलेगा।

Share this news

संबंधित खबरें