- रांची, हटिया, धनबाद, झरिया और बोकारो में डिजिटाइजेशन की कम प्रगति का हवाला; चुनाव आयोग को सौंपा ज्ञापन
Samachar Post डेस्क, रांची : झारखंड में चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision-SIR) अभियान की धीमी प्रगति को लेकर कांग्रेस ने चिंता जताई है। झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के नेताओं ने मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय के माध्यम से चुनाव आयोग को ज्ञापन सौंपते हुए पुनरीक्षण कार्य के लिए 15 दिनों का अतिरिक्त समय देने की मांग की है। पार्टी का कहना है कि राज्य के कई बड़े विधानसभा क्षेत्रों में एन्यूमरेशन फॉर्म वितरण और डिजिटाइजेशन का कार्य अपेक्षाकृत धीमी गति से चल रहा है, जिससे बड़ी संख्या में पात्र मतदाताओं के सूची से छूट जाने की आशंका है।
कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने सौंपा ज्ञापन
प्रदेश कांग्रेस प्रभारी के. राजू और प्रदेश अध्यक्ष केशव महतो कमलेश के निर्देश पर पार्टी नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय पहुंचा। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार की अनुपस्थिति में अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सुबोध कुमार को ज्ञापन सौंपा गया। प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश महासचिव सूर्यकांत शुक्ला, महासचिव एवं मीडिया विभाग के संयोजक लाल किशोर नाथ शाहदेव तथा सोशल मीडिया विभाग के उपाध्यक्ष संजय कुमार शामिल थे।
बड़े विधानसभा क्षेत्रों में धीमी है प्रगति
कांग्रेस नेताओं ने दावा किया कि 10 जुलाई तक रांची विधानसभा क्षेत्र में केवल 4.14 प्रतिशत, हटिया में 8.48 प्रतिशत, धनबाद में 4.78 प्रतिशत, झरिया में 5.96 प्रतिशत और बोकारो में 11.56 प्रतिशत मतदाताओं का डिजिटाइजेशन कार्य पूरा हो पाया है।पार्टी का कहना है कि 30 जून से 29 जुलाई तक चलने वाली एन्यूमरेशन प्रक्रिया के दौरान इतनी धीमी प्रगति चिंता का विषय है और इससे हजारों मतदाता सूची से बाहर रह सकते हैं। कांग्रेस ने चुनाव आयोग से अनुरोध किया है कि एन्यूमरेशन फेज की अंतिम तिथि 29 जुलाई से बढ़ाकर 13 अगस्त की जाए। पार्टी का तर्क है कि अतिरिक्त 15 दिनों का समय मिलने से शेष बचे मतदाताओं को फॉर्म भरने और डिजिटाइजेशन प्रक्रिया पूरी करने का अवसर मिलेगा।

यह भी पढ़ें: चाईबासा में बरसात से पहले नालों की सफाई का निरीक्षण, रेलवे ने नगर परिषद को हरसंभव सहयोग का दिया भरोसा
कोई भी पात्र मतदाता न छूटे
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए यह जरूरी है कि प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल हो। इसलिए पुनरीक्षण प्रक्रिया में जल्दबाजी के बजाय व्यापक और समावेशी दृष्टिकोण अपनाया जाना चाहिए। उन्होंने चुनाव आयोग से यह सुनिश्चित करने की अपील की कि एक भी वैध मतदाता मतदाता सूची से वंचित न रह जाए और आगामी चुनावों में सभी नागरिक अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें।

Reporter | Samachar Post
मैंने सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ झारखंड से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री ली है। पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर मेरा अनुभव फिलहाल एक साल से कम है। सामाचार पोस्ट मीडिया के साथ जुड़कर स्टाफ रिपोर्टर के रूप में काम कर रही हूं।

