Samachar Post रिपोर्टर, हजारीबाग : भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय अभियान ‘लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ’ के तहत 4 नवंबर को हजारीबाग में पदयात्रा निकाली जाएगी। झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने हजारीबाग में इसकी जानकारी दी। इस दौरान उन्होंने कांग्रेस और राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस देश में भ्रम और अराजकता फैलाने की कोशिश कर रही है।
राहुल गांधी और कांग्रेस पर बाबूलाल मरांडी का हमला
बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी और कांग्रेस की ओर से दिए जाने वाले बयानों का कोई ठोस आधार नहीं होता। उन्होंने राहुल गांधी के मानसिक संतुलन पर भी विवादित टिप्पणी की और कहा कि कांग्रेस को खुद को बचाना है, तो राहुल गांधी का इलाज करवाना होगा। मरांडी ने दावा किया कि हाल के चुनावों में जनता ने कांग्रेस को नकार दिया है। उन्होंने कांग्रेस की राजनीतिक रणनीति पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि पार्टी सत्ता से बाहर होने के बाद से देश में अराजकता का माहौल बनाने की कोशिश कर रही है।

चुनाव आयोग पर आरोप लगाने को लेकर कांग्रेस को घेरा
नेता प्रतिपक्ष ने ईवीएम हैकिंग के मुद्दे पर भी कांग्रेस को घेरा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस लगातार ईवीएम हैक होने की बात करती है, लेकिन भारत निर्वाचन आयोग जैसे स्वतंत्र संस्थान पर गंभीर आरोप लगाने के बावजूद इस संबंध में आवेदन तक नहीं देती। मरांडी ने कांग्रेस पर ‘दिमागी नक्सली’ होने का आरोप भी लगाया। ये टिप्पणियां बाबूलाल मरांडी की ओर से कांग्रेस के खिलाफ लगाए गए राजनीतिक आरोप हैं।
गिरिडीह चुनाव और आजसू से गठबंधन पर क्या कहा?
गिरिडीह चुनाव को लेकर बाबूलाल मरांडी ने कहा कि BJP की तैयारी पूरे साल चलती रहती है। चुनाव की तारीखों की घोषणा होते ही पार्टी जनता के सामने अपना पक्ष रखेगी। वहीं, आजसू के चुनाव लड़ने से जुड़े सवाल पर उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर बैठकर बातचीत की जाएगी। उनके बयान से साफ है कि चुनावी रणनीति और संभावित तालमेल को लेकर आगे चर्चा की जाएगी।
झारखंड की कानून-व्यवस्था पर भी उठाए सवाल
बाबूलाल मरांडी ने झारखंड की कानून-व्यवस्था को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार राज्य में कानून-व्यवस्था दुरुस्त करने में विफल रही है। उनके मुताबिक, राज्य के सभी जिलों में अपराध का ग्राफ बढ़ा है और महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं। BJP नेता ने राज्य सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कानून-व्यवस्था में सुधार की जरूरत बताई।




















