विधायक पूर्णिमा साहू ने CM को लिखा पत्र, 86 बस्तियों को पूर्ण मालिकाना हक देने की मांग तेज

Meenu | October 7, 2025 | 10:54 AM IST
  • बस्तीवासियों के अधिकारों को लेकर विधायक का बड़ा कदम

Samachar Post रिपोर्टर,जमशेदपुर :जमशेदपुर की 86 से अधिक बस्तियों के वासियों को भूमि का मालिकाना हक दिलाने की दिशा में राजनीतिक गतिविधियां तेज़ हो गई हैं। जमशेदपुर पूर्वी की विधायक पूर्णिमा साहू ने सोमवार को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पत्र लिखकर बस्तीवासियों को पूर्ण मालिकाना हक देने की मांग की है। विधायक ने इस मुद्दे को जनहित से जुड़ा अत्यंत संवेदनशील और गंभीर विषय बताते हुए कहा कि दशकों से यहां रह रहे लाखों लोगों को अब तक स्थायी स्वामित्व का अधिकार नहीं मिला है।

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2005 में 1800 एकड़ भूमि हुई थी सुरक्षित

अपने पत्र में पूर्णिमा साहू ने बताया कि वर्ष 2005 में झारखंड सरकार ने टाटा लीज नवीकरण के दौरान 86 बस्तियों के लिए करीब 1800 एकड़ भूमि सुरक्षित रखने का नीतिगत निर्णय लिया था। बाद में वर्ष 2018 में तत्कालीन एनडीए सरकार ने बस्तीवासियों को 10-10 डिसमिल भूमि लीज पर देने की नीति बनाकर एक ऐतिहासिक कदम उठाया था।

चुनावी वादों की याद दिलाई

विधायक साहू ने मुख्यमंत्री को याद दिलाया कि झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) और कांग्रेस दोनों ने अपने चुनावी घोषणापत्रों में बस्तीवासियों को मालिकाना हक देने का वादा किया था। उन्होंने यह भी कहा कि नवंबर 2024 में जमशेदपुर की एक सभा में विधायक कल्पना सोरेन ने भी घोषणा की थी कि झामुमो सरकार बनने पर बिरसानगर सहित सभी बस्तियों को मालिकाना हक दिया जाएगा। साहू ने पत्र के साथ झामुमो-कांग्रेस नेताओं द्वारा किए गए इन वादों से जुड़ी समाचारपत्रों की कटिंग्स भी संलग्न की हैं।

विधानसभा में उठाया था मुद्दा

पूर्णिमा साहू ने बताया कि उन्होंने इस मुद्दे को झारखंड विधानसभा के बजट सत्र 2025 में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के माध्यम से भी उठाया था, लेकिन सरकार की ओर से अब तक कोई ठोस जवाब नहीं मिला।

अब वादे निभाने का समय है

विधायक ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि झामुमो नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार अब अपने चुनावी वादों को पूरा करे। उन्होंने कहा, यह उपयुक्त समय है कि बस्तीवासियों को उनकी भूमि पर मालिकाना हक दिया जाए। इससे न सिर्फ उनका जीवन सुरक्षित होगा बल्कि उनकी सामाजिक, शैक्षणिक और आर्थिक स्थिति में भी बड़ा सुधार आएगा।”

मालिकाना हक से बदलेगा बस्तियों का भविष्य

साहू ने कहा कि मालिकाना हक मिलने से बस्तीवासियों को सुरक्षा, सम्मान और स्थायित्व मिलेगा। साथ ही वे अपनी जमीन पर सरकारी योजनाओं का लाभ लेकर बेहतर जीवन स्तर हासिल कर पाएंगे।

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