Samachar Post रिपोर्टर, रांची : झारखंड के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने अपने विधानसभा क्षेत्र छतरपुर में आधी रात सड़क पर उतरकर खनिज परिवहन से जुड़े वाहनों की जांच की। मंत्री सोमवार रात करीब 11:15 बजे टीम और जीएसटी अधिकारियों के साथ सड़मा स्थित महेंद्र एग्रो पेट्रोल पंप के पास NH-139 पर पहुंचे। इसके बाद सड़क से गुजर रहे वाहनों की अचानक जांच शुरू की गई। जांच के दौरान खनिज परिवहन से जुड़े वाहनों के दस्तावेजों की पड़ताल की गई। कार्रवाई के दौरान चार ट्रकों पर कार्रवाई किए जाने की बात सामने आई है। बताया गया कि जांच की जानकारी आगे आने वाले ट्रक चालकों तक भी पहुंच गई, जिसके बाद कुछ वाहनों को रास्ते में ही रोक दिया गया।
जीएसटी अधिकारियों ने खंगाले वाहनों के कागजात
मंत्री के साथ मौजूद जीएसटी अधिकारियों ने वाहनों के दस्तावेजों की जांच की। इस दौरान यह देखा गया कि खनिज परिवहन से जुड़े वाहनों के पास आवश्यक कागजात और संबंधित दस्तावेज मौजूद हैं या नहीं। आधी रात को अचानक हुई इस जांच से इलाके में खनिज परिवहन से जुड़े कारोबारियों और वाहन चालकों में हलचल देखी गई। कार्रवाई के बाद छतरपुर क्षेत्र में खनिजों की ढुलाई और वाहनों की आवाजाही पर निगरानी को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
12 जून को भी रात में की थी कार्रवाई
छतरपुर में खनिज और खनन से जुड़े मामलों को लेकर वित्त मंत्री की यह पहली रात की कार्रवाई नहीं है। इससे पहले 12 जून की आधी रात को ग्रामीणों की शिकायत पर राधाकृष्ण किशोर रेगनियॉव और देवबंद पहाड़ क्षेत्र पहुंचे थे। उस समय सरकारी जमीन से कथित तौर पर बिना वैध कागजात मोरम और मिट्टी की खुदाई कर बिहार भेजे जाने की शिकायत की जांच की गई थी। कार्रवाई के दौरान मौके से चार हाइवा/ट्रेलर और एक पोकलेन मशीन जब्त किए जाने की बात सामने आई थी। आरोप था कि दूसरे राज्यों में सक्रिय कुछ लोग सरकारी जमीन से कथित तौर पर मिट्टी निकालकर बिहार भेज रहे थे। उस मामले में भी खनिज के अवैध परिवहन और सरकारी जमीन के इस्तेमाल को लेकर जांच की गई थी।
चार ट्रकों पर कार्रवाई के बाद फिर चर्चा में आया खनिज परिवहन
अब NH-139 पर हुई ताजा जांच के बाद छतरपुर में खनिज परिवहन और कथित अवैध खनन को लेकर चर्चा फिर तेज हो गई है। जीएसटी अधिकारियों की मौजूदगी में वाहनों के दस्तावेजों की जांच किए जाने से कार्रवाई का दायरा केवल खनन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि खनिज ढुलाई से जुड़े दस्तावेजों की भी पड़ताल की गई। फिलहाल चार ट्रकों पर की गई कार्रवाई में नियमों के उल्लंघन की क्या वजह सामने आई है, इसकी विस्तृत जानकारी संबंधित विभाग की जांच के बाद स्पष्ट होगी।




















