Samachar Post रिपोर्टर, गुमला: भारतमाला परियोजना में कार्यरत मजदूरों का गुस्सा मंगलवार को उस समय फूट पड़ा जब लंबे समय से बकाया मजदूरी नहीं मिलने पर उन्होंने कंपनी कार्यालय में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। भुगतान को लेकर हुई तीखी बहस के दौरान कंपनी के एचआर मैनेजर के साथ मारपीट किए जाने की भी सूचना है।
बकाया भुगतान को लेकर बढ़ी नाराजगी
मजदूरों का आरोप है कि परियोजना से जुड़ी कंपनी ने उनसे नियमित रूप से काम कराया, लेकिन समय पर मजदूरी का भुगतान नहीं किया गया। कई बार मांग और शिकायत के बावजूद समस्या का समाधान नहीं होने से मजदूरों में नाराजगी बढ़ती गई। इसी को लेकर शिवालया कंस्ट्रक्शन के कार्यालय परिसर में मजदूरों और ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया। घटना के बाद कुछ समय तक कार्यालय परिसर में अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही। ग्रामीण गंगा सिंह के अनुसार, सभी मजदूर भूमि सिक्योरिटी मैनेजमेंट कंपनी के माध्यम से भारतमाला परियोजना में नाइट गार्ड के रूप में कार्यरत थे। उनका कहना है कि काम पूरा करने के बावजूद कई कर्मचारियों का मेहनताना अब तक नहीं दिया गया है।
कई मजदूरों का भुगतान लंबित
मजदूरों के मुताबिक कई कर्मचारियों की 20 से 58 दिनों तक की मजदूरी बकाया है। उनका कहना है कि भुगतान में लगातार देरी के कारण परिवार का खर्च चलाना मुश्किल हो गया है। कई लोगों को रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करने के लिए कर्ज तक लेना पड़ रहा है। मजदूरों का कहना है कि मजदूरी ही उनके परिवार की आय का मुख्य स्रोत है। समय पर भुगतान नहीं मिलने से बच्चों की पढ़ाई, घरेलू खर्च और अन्य जरूरी जरूरतों को पूरा करना कठिन हो गया है।
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आंदोलन तेज करने की चेतावनी
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों और मजदूरों ने कंपनी प्रबंधन को चेतावनी दी है कि यदि जल्द सभी बकाया राशि का भुगतान नहीं किया गया तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसी भी अप्रिय स्थिति की जिम्मेदारी कंपनी प्रबंधन की होगी। घटना के बाद क्षेत्र में मजदूरों की बकाया मजदूरी का मुद्दा चर्चा का विषय बना हुआ है। श्रमिकों की मांग है कि उनके कार्य दिवसों का भुगतान जल्द किया जाए ताकि उन्हें आर्थिक राहत मिल सके।
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मैंने सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ झारखंड से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री ली है। पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर मेरा अनुभव फिलहाल एक साल से कम है। सामाचार पोस्ट मीडिया के साथ जुड़कर स्टाफ रिपोर्टर के रूप में काम कर रही हूं।