- ऑनलाइन कट्टरपंथ के खिलाफ अभियान तेज
Samachar Post डेस्क, रांची : केंद्र सरकार ने ऑनलाइन रेडिकलाइजेशन पर शिकंजा और कस दिया है। गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने संसद में बताया कि NIA और राज्यों की ATS मिलकर देश में चल रहे कट्टरपंथी नेटवर्क की गहन जांच कर रही है। अब तक कई गिरफ्तारियां, चार्जशीट और सजा भी दी जा चुकी है।
NATGRID पर तैयार हो रहा ऑर्गनाइज्ड क्राइम डेटाबेस
सरकार ने बताया कि NIA और ATS के बीच सुरक्षित डेटा शेयरिंग को मजबूत करने के लिए NATGRID प्लेटफॉर्म पर, Organized Crime Network Database तैयार हो रहा है। अपग्रेडेड NATGRID टूल ‘गांदिवा’ कई एजेंसियों से मिले डाटा का रियल-टाइम विश्लेषण कर रहा है। इससे भर्ती, फंडिंग और मॉड्यूल संचालन में शामिल कई नेटवर्क उजागर किए गए हैं।
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देशव्यापी मॉड्यूल का सफाया, एजेंसियों का तालमेल मजबूत
नित्यानंद राय ने कहा कि विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों के बीच बढ़ते तालमेल से कई खतरनाक मॉड्यूल ध्वस्त किए गए हैं। सरकार ने पिछले दो वर्षों में, इंटेलिजेंस नेटवर्क मजबूत किया एन्क्रिप्टेड डिजिटल प्लेटफॉर्म के दुरुपयोग पर नियंत्रण बढ़ाया।
सीमा सुरक्षा को हाई-टेक बनाया
NIA का नेशनल टेरर डेटाबेस फ्यूजन एंड एनालिसिस सेंटर तैयार, NIA ने एक अत्याधुनिक बनाया है, जो वैज्ञानिक सबूत, डीएनए और डिजिटल फोरेंसिक हाई-टेक एनालिटिक्स के आधार पर जांच को और सटीक बना रहा है।
MAC के नेटवर्क का विस्तार: जिला स्तर तक हाई-टेक निगरानी
मल्टी-एजेंसी सेंटर (MAC) की कनेक्टिविटी अब जिला स्तर तक पहुंच चुकी है। अपग्रेडेड MAC अब ड्रग ट्रैफिकिंग, फेक करेंसी, क्रिप्टो टेरर फंडिंग, साइबर क्राइम बायो-टेररिज्म जैसे मामलों की AI और मशीन लर्निंग आधारित निगरानी कर पा रहा है। आईटी एक्ट के तहत हजारों रेडिकल URLs ब्लॉक किए गए हैं। साइबर पेट्रोलिंग और डिजिटल सर्विलांस को भी अधिक आक्रामक बनाया गया है।
सीमा सुरक्षा बल उच्च तकनीक से लैस
बीएसएफ और अन्य बलों को उपलब्ध कराए गए आधुनिक उपकरण ड्रोन, थर्मल इमेजर, नाइट-विज़न डिवाइस, ग्राउंड सेंसर इनसे घुसपैठ में गिरावट आई है और हथियार–नशीले पदार्थों की बरामदगी बढ़ी है।
फोरेंसिक क्षमता मजबूत: 4800 करोड़ से अधिक खर्च
सरकार ने बताया कि केंद्र और राज्यों ने कुल ₹4800 करोड़ से अधिक फोरेंसिक क्षमता बढ़ाने पर निवेश किया है। 25 राज्यों में प्रयोगशाला आधुनिकीकरण के लिए ₹233 करोड़ की मंजूरी, उच्च गुणवत्ता वाले उपकरण, डीएनए टेस्टिंग मशीनें, मोबाइल फोरेंसिक वैन इनसे जांच स्थल पर ही त्वरित विश्लेषण संभव हो सका है।
Reporter | Samachar Post
मैंने सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ झारखंड से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री ली है। पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर मेरा अनुभव फिलहाल एक साल से कम है। सामाचार पोस्ट मीडिया के साथ जुड़कर स्टाफ रिपोर्टर के रूप में काम कर रही हूं।