जमशेदपुर: एमजीएम अस्पताल को जल्द मिलेगी स्थायी जलापूर्ति, 8 जून से पाइपलाइन बिछाने का काम शुरू

Rupa Kumari | June 7, 2026

Samachar Post रिपोर्टर, जमशेदपुर : डिमना स्थित नए एमजीएम अस्पताल में पेयजल संकट जल्द खत्म होने वाला है। अस्पताल तक सुवर्णरेखा नदी से शुद्ध पानी पहुंचाने की बहुप्रतीक्षित योजना को प्रशासन ने अंतिम मंजूरी दे दी है। विभिन्न विभागों के संयुक्त निरीक्षण के बाद पाइपलाइन का रूट तय कर लिया गया है और 8 जून से निर्माण कार्य शुरू होने जा रहा है। करीब 3.5 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन के जरिए अस्पताल तक पानी पहुंचाया जाएगा। लंबे समय से तकनीकी कारणों से अटकी इस परियोजना को जिला प्रशासन ने प्राथमिकता देते हुए सभी बाधाएं दूर कर दी हैं।

फ्लाइओवर के बीच से गुजरेगी पाइपलाइन

उपायुक्त राजीव रंजन के निर्देश पर एनएचएआई, मानगो नगर निगम, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, विद्युत विभाग, गेल, जुस्को और टाटा स्टील समेत कई एजेंसियों की संयुक्त टीम ने डिमना चौक क्षेत्र का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान यह तय किया गया कि पाइपलाइन निर्माणाधीन फ्लाइओवर के पिलर संख्या 175 और 176 के बीच से होकर गुजरेगी। सभी विभागों की सहमति मिलने के बाद परियोजना को हरी झंडी दे दी गई है। निर्माण कार्य की जिम्मेदारी मेसर्स मदन लाल बजाज कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड को सौंपी गई है।

यह भी पढ़ें: गढ़वा में निजी अस्पताल पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, दिव्यकमल हॉस्पिटल कराया गया बंद

15 जून तक काम पूरा करने का लक्ष्य

जिला प्रशासन ने इस परियोजना को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए हैं। उपायुक्त ने संबंधित एजेंसी को 15 जून तक हर हाल में पाइपलाइन बिछाने का काम पूरा करने का लक्ष्य दिया है। साथ ही चेतावनी दी है कि निर्धारित समयसीमा का पालन नहीं होने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उधर, सुवर्णरेखा नदी के किनारे इंटकवेल निर्माण कार्य भी तेजी से आगे बढ़ रहा है, ताकि पाइपलाइन तैयार होते ही जलापूर्ति शुरू की जा सके।

प्रतिदिन मिलेगा 30 लाख लीटर शुद्ध पानी

करीब 8.69 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हो रही इस योजना के पूरा होने के बाद एमजीएम अस्पताल को रोजाना 3 एमएलडी (लगभग 30 लाख लीटर) शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा। अस्पताल परिसर में वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का निर्माण लगभग पूरा हो चुका है। इसके अलावा पानी के भंडारण के लिए संप (Sump) भी तैयार कर लिया गया है। पाइपलाइन कनेक्शन मिलते ही अस्पताल के वार्ड, ओपीडी और अन्य विभागों में नियमित जलापूर्ति शुरू हो जाएगी।

टैंकरों पर खत्म होगी निर्भरता

वर्तमान में अस्पताल की जल जरूरतें मानगो नगर निगम के टैंकरों के जरिए पूरी की जा रही हैं। स्थायी पाइपलाइन व्यवस्था शुरू होने के बाद टैंकरों पर निर्भरता समाप्त हो जाएगी और मरीजों, परिजनों तथा स्वास्थ्यकर्मियों को बड़ी राहत मिलेगी। प्रशासन का मानना है कि इस परियोजना के पूरा होने के बाद नए एमजीएम अस्पताल की सबसे महत्वपूर्ण बुनियादी समस्याओं में से एक का स्थायी समाधान हो जाएगा।

Share this news

संबंधित खबरें