घाटशिला उपचुनाव: झामुमो के सामने सीट बचाने की बड़ी चुनौती, 25 साल में कांग्रेस-भाजपा-झामुमो का रहा दबदबा

Meenu | November 1, 2025 | 05:18 PM IST
  • राजनीतिक सरगर्मियों का केंद्र बना घाटशिला उपचुनाव

Samachar Post रिपोर्टर,घाटशिला: झारखंड की राजनीति का केंद्र इन दिनों घाटशिला विधानसभा उपचुनाव बन गया है। पूर्व शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन के निधन के बाद खाली हुई इस सीट पर सत्तारूढ़ इंडिया गठबंधन और विपक्षी एनडीए दोनों की प्रतिष्ठा दांव पर लगी है। जहां झामुमो के नेतृत्व वाला गठबंधन अपनी परंपरागत सीट हर हाल में बचाना चाहता है, वहीं भाजपा इस उपचुनाव को ‘फतह झारखंड अभियान’ की शुरुआत के रूप में देख रही है।

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घाटशिला सीट पर तीनों दलों का रहा वर्चस्व

राज्य गठन के बाद से अब तक इस सीट का इतिहास बेहद रोचक रहा है। पिछले 25 वर्षों में कांग्रेस, भाजपा और झामुमो तीनों दलों को जीत का स्वाद मिल चुका है।

  • 2005 में कांग्रेस के प्रदीप बलमुचू ने जीत दर्ज की
  • 2009 में झामुमो के रामदास सोरेन ने वापसी की
  • 2014 में भाजपा के लक्ष्मण टुडू ने बाजी मारी
  • 2019 और 2024 में फिर से रामदास सोरेन ने लगातार दो जीत हासिल की
  • 2024 के विधानसभा चुनाव में झामुमो-कांग्रेस गठबंधन के रामदास सोरेन को 51.5% वोट मिले, जबकि भाजपा उम्मीदवार बाबूलाल सोरेन को 39.8% वोट हासिल हुए।

रामदास सोरेन के निधन के बाद झामुमो के सामने चुनौती

रामदास सोरेन की मौत के बाद यह उपचुनाव झामुमो के लिए राजनीतिक परीक्षा बन गया है। पार्टी अब दिवंगत नेता के प्रति सहानुभूति लहर पर भरोसा जता रही है, जबकि भाजपा सत्ता विरोधी लहर और स्थानीय असंतोष को मुद्दा बनाकर मैदान में है। इस बार मुकाबले को और दिलचस्प बना रही है जयराम महतो की नई पार्टी जेकेएलएम, जिसने तीसरे मोर्चे की संभावनाएं जगा दी हैं।

छह उपचुनावों में पांच पर जीत चुकी है इंडिया गठबंधन सरकार

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में गठबंधन सरकार के कार्यकाल में अब तक छह उपचुनाव हुए हैं। इनमें से पांच सीटों पर गठबंधन ने जीत दर्ज की, जबकि केवल रामगढ़ सीट पर हार का सामना करना पड़ा।

अब तक के उपचुनाव नतीजे

  • दुमका (2020): बसंत सोरेन (झामुमो)
  • बेरमो (2020): कुमार जयमंगल (कांग्रेस)
  • मधुपुर (2021): हफीजुल हसन अंसारी (झामुमो)
  • मांडर (2022): शिल्पी नेहा तिर्की (कांग्रेस)
  • रामगढ़ (2023): सुनीता देवी (आजसू)
  • डुमरी (2023): बेबी देवी (झामुमो)

अब देखना दिलचस्प होगा कि क्या गठबंधन घाटशिला सीट पर जीत की परंपरा को जारी रख पाता है या नहीं।

घाटशिला सीट का अब तक का चुनावी रिकॉर्ड

वर्षविजेतापार्टीवोट प्रतिशत
2005प्रदीप बलमुचूकांग्रेस40.0%
2009रामदास सोरेनझामुमो30.2%
2014लक्ष्मण टुडूभाजपा32.5%
2019रामदास सोरेनझामुमो37.5%
2024रामदास सोरेनझामुमो51.5%
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