Samachar Post रिपोर्टर, रांची : रांची स्थित भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (IIIT) में प्रथम वर्ष के छात्र आदित्य कुमार की मौत के बाद छात्रों में आक्रोश है। छात्र की मौत के बाद संस्थान के प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाते हुए सहपाठियों ने प्रदर्शन शुरू कर दिया। शनिवार देर रात छात्र खेलगांव हाउसिंग कॉम्प्लेक्स स्थित हॉस्टल के बाहर धरने पर बैठ गए। प्रदर्शनकारी छात्रों ने संस्थान के निदेशक और एकेडमिक डीन के इस्तीफे की मांग की है।
छात्र की मौत के बाद हॉस्टल के बाहर प्रदर्शन
जानकारी के मुताबिक, प्रथम वर्ष के छात्र आदित्य कुमार की हॉस्टल के कमरे में कथित तौर पर फांसी लगाने से मौत हो गई। घटना के बाद छात्रों ने हॉस्टल की व्यवस्था और संस्थान के आपातकालीन इंतजामों पर सवाल उठाए। प्रदर्शनकारी छात्रों का आरोप है कि समय पर उचित सहायता मिल जाती, तो स्थिति अलग हो सकती थी। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
इमरजेंसी सिस्टम फेल होने का छात्रों ने लगाया आरोप
प्रदर्शन कर रहे छात्रों का दावा है कि घटना के दौरान आपातकालीन व्यवस्था ने समय पर काम नहीं किया। छात्रों के मुताबिक, रात करीब 11 बजे कमरे का दरवाजा तोड़कर आदित्य को नीचे उतारा गया, तब उसकी सांसें चल रही थीं। छात्रों का आरोप है कि हॉस्टल की लिफ्ट खराब होने के कारण उसे सीढ़ियों के सहारे नीचे लाना पड़ा। इस दौरान सीपीआर देने की कोशिश की गई, लेकिन सहायता पहुंचाने में देरी हुई। छात्रों ने यह भी दावा किया कि एंबुलेंस की चाबी ढूंढ़ने में करीब 15 मिनट लग गए। उनके अनुसार, एंबुलेंस में ऑक्सीजन सिलेंडर और अन्य जरूरी जीवनरक्षक उपकरण भी उपलब्ध नहीं थे।
हॉस्टल स्टाफ और संस्थान प्रबंधन पर उठाए सवाल
छात्रों ने हॉस्टल कर्मियों की भूमिका पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि हॉस्टल स्टाफ दीपक रौशन ने संकट के समय मदद करने के बजाय वहां से जाने का रास्ता चुना। छात्रों ने यह भी कहा कि घटना के समय संस्थान के निदेशक कैंपस में मौजूद नहीं थे। इन आरोपों को लेकर संस्थान प्रबंधन की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया की जानकारी सामने नहीं आई है। मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदारी तय करने की मांग की जा रही है।
निदेशक और एकेडमिक डीन के इस्तीफे की मांग
प्रदर्शनकारी छात्रों ने संस्थान के निदेशक और एकेडमिक डीन से तत्काल इस्तीफा देने की मांग की है। इसके अलावा, जिन हॉस्टल कर्मियों पर लापरवाही के आरोप लगाए गए हैं, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई और गिरफ्तारी की मांग भी की गई है। छात्रों की अन्य प्रमुख मांगों में हॉस्टल की खराब व्यवस्थाओं और आपातकालीन सेवाओं की उच्चस्तरीय जांच शामिल है। उनका कहना है कि संस्थान में छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जवाबदेही तय की जानी चाहिए।

कैंपस में पुलिस बल तैनात, स्थिति तनावपूर्ण
छात्रों के प्रदर्शन को देखते हुए कैंपस में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किए जाने की जानकारी है। घटना के बाद माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है। अब सभी की नजर संस्थान प्रबंधन की प्रतिक्रिया और मामले की जांच पर है।


















