CCL गिरिडीह एरिया में भू-धंसान से लंकास्टर अस्पताल को भारी नुकसान, जमीन में पड़ी लंबी दरार

Meenu | August 25, 2026 | 03:31 PM IST

Samachar Post रिपोर्टर,गिरिडीह : CCL गिरिडीह एरिया में मंगलवार सुबह अचानक भू-धंसान होने से लंकास्टर अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। भू-धंसान की चपेट में अस्पताल के दो भवन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। दोनों भवनों का बड़ा हिस्सा जमीन में धंस गया। इसके अलावा अस्पताल परिसर और सड़क के बड़े हिस्से में लंबी-चौड़ी दरारें पड़ गई हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद CCL गिरिडीह एरिया के जीएम कन्हैया शंकर गैवाल, परियोजना पदाधिकारी गोपाल सिंह मीणा, चिकित्सक पदाधिकारी परिमल सिन्हा, सिविल विभाग के रामाकांत समेत कई अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने पूरे परिसर का निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लिया।

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सुबह 4 बजे कर्मियों ने देखा भू-धंसान

अस्पताल कर्मी दिलीप कुमार ने बताया कि वह सोमवार रात की पाली में ड्यूटी पर थे। मंगलवार सुबह करीब 4 बजे जब वह अन्य कर्मियों के साथ बाहर निकले तो जमीन और भवन में धंसान होता देखा। स्थिति को देखते हुए अस्पताल में मौजूद सभी कर्मचारियों को तत्काल बाहर निकाला गया। इसके बाद अधिकारियों को घटना की सूचना दी गई। कर्मी के मुताबिक, पूरा अस्पताल परिसर फिलहाल खतरे की जद में है।

अस्पताल परिसर में प्रवेश पर लगाई रोक

घटना के बाद जीएम और परियोजना पदाधिकारी ने अस्पताल परिसर का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने एहतियातन जरूरी कदम उठाने का निर्देश दिया है। भू-धंसान प्रभावित क्षेत्र में किसी भी व्यक्ति के प्रवेश को रोकने के लिए सीसीएल सुरक्षा गार्ड और होमगार्ड के जवानों की तैनाती की गई है। प्रशासन और सीसीएल अधिकारियों की ओर से प्रभावित क्षेत्र की निगरानी की जा रही है, ताकि किसी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके।

अवैध खनन से जमीन खोखली होने की चर्चा

स्थानीय स्तर पर भू-धंसान की वजह क्षेत्र में लंबे समय से हो रहे अवैध कोयला खनन को बताया जा रहा है। बताया जाता है कि इलाके में दशकों से बड़े पैमाने पर अवैध तरीके से कोयला खनन होता रहा है। इससे जमीन के भीतर खाली जगह बनने के कारण मिट्टी कमजोर होने और भू-धंसान की घटनाएं होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, भू-धंसान की वास्तविक वजह की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही होगी। फिलहाल प्राथमिकता प्रभावित क्षेत्र को सुरक्षित करने और लोगों को वहां जाने से रोकने की है।

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