झारखंड के चार शहरों में दौड़ेंगी 400 ई-बसें, सार्वजनिक परिवहन को मिलेगा बढ़ावा

Meenu | August 16, 2026 | 01:28 PM IST

Samachar Post रिपोर्टर, रांची : झारखंड के चार बड़े शहरों में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को बेहतर बनाने की तैयारी शुरू हो गई है। रांची, जमशेदपुर, धनबाद और बोकारो में जल्द इलेक्ट्रिक बसें चलाने की योजना है। इसके लिए राज्य सरकार ने चारों शहरों में कुल 400 ई-बसें चलाने का प्रस्ताव तैयार किया है। प्रस्ताव के मुताबिक, प्रत्येक शहर में 100-100 इलेक्ट्रिक बसें संचालित की जाएंगी। यात्रियों की संख्या और अलग-अलग रूट की जरूरत के आधार पर बसों का आकार तय किया जाएगा। इनमें स्टैंडर्ड, मिडी और मिनी बसें शामिल हो सकती हैं।

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PM ई-बस सेवा योजना के तहत खरीदी जाएंगी बसें

प्रस्तावित ई-बसों की खरीद केंद्र सरकार की PM ई-बस सेवा योजना के तहत किए जाने की योजना है। राज्य स्तर पर वित्त और नगर विकास विभाग से मंजूरी मिलने के बाद प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा जाएगा। मंजूरी और आगे की प्रक्रिया पूरी होने के बाद चारों शहरों में चरणबद्ध तरीके से ई-बस सेवा शुरू किए जाने की उम्मीद है।

चार्जिंग स्टेशन समेत तैयार होगा इंफ्रास्ट्रक्चर

ई-बसों के संचालन से पहले संबंधित शहरों में जरूरी बुनियादी ढांचा तैयार किया जाएगा। इसके तहत चार्जिंग स्टेशन, बस संचालन से जुड़ी सुविधाएं और अन्य आवश्यक इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किया जाएगा। बसों के लिए रूट और संचालन व्यवस्था भी यात्रियों की जरूरत के हिसाब से तैयार किए जाने की योजना है।

चार शहरों में 100-100 ई-बसों का प्रस्ताव

शहरप्रस्तावित ई-बसें
रांची100
जमशेदपुर100
धनबाद100
बोकारो100
कुल400

सार्वजनिक परिवहन मजबूत होने की उम्मीद

सरकार का मानना है कि ई-बसों के संचालन से शहरों में सार्वजनिक परिवहन की सुविधा बेहतर होगी। इससे लोगों को रोजमर्रा के आवागमन के लिए एक सुविधाजनक विकल्प मिल सकता है। ई-बसों की संख्या बढ़ने से निजी वाहनों पर निर्भरता और सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव कम होने की भी उम्मीद है। इसके अलावा इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल से शहरी वायु प्रदूषण को कम करने में मदद मिल सकती है।

यात्रियों की जरूरत के अनुसार तय होगा बसों का आकार

चारों शहरों में एक ही तरह की बसें चलाने के बजाय यात्रियों की संख्या और रूट के आधार पर बसों का चयन किया जाएगा। अधिक यात्री वाले रूट पर स्टैंडर्ड बसें, जबकि कम यात्री वाले या संकरे रूट पर मिडी और मिनी बसों का इस्तेमाल किया जा सकता है।

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