Samachar Post डेस्क, रांची :PNB के 13,000 करोड़ रुपये के घोटाले के आरोपी और भगोड़े हीरा व्यापारी मेहुल चोकसी को बड़ा झटका लगा है। बेल्जियम की सुप्रीम कोर्ट (Court of Cassation) ने चोकसी की गिरफ्तारी के खिलाफ दायर अपील को खारिज कर दिया है। इस फैसले से उसके भारत प्रत्यर्पण का रास्ता लगभग साफ हो गया है।
यह भी पढ़ें :पीएम से मिले Microsoft CEO सत्य नडेला, भारत में करेंगे 1.57 लाख करोड़ का निवेश
बेल्जियम ने कहा-चोकसी की दलीलें बेबुनियाद
सूत्रों के अनुसार, ब्रसेल्स में हुई सुनवाई के दौरान सर्वोच्च अदालत ने 17 अक्टूबर को एंटवर्प कोर्ट ऑफ अपील के फैसले को पूरी तरह बरकरार रखा। चोकसी ने दावा किया था कि भारत लाए जाने पर उसके साथ “यातना” या “अमानवीय व्यवहार” हो सकता है। अदालत ने इस दलील को बिल्कुल निराधार बताते हुए खारिज कर दिया। ब्रसेल्स के महाधिवक्ता हेनरी वेंडरलिंडेन ने ईमेल के जरिए पुष्टि की कि कोर्ट ने चोकसी की अपील को रद्द कर दिया, यानी पिछले सभी आदेश प्रभावी रहेंगे। इस निर्णय के बाद बेल्जियम में चोकसी के प्रत्यर्पण की औपचारिक प्रक्रिया आगे बढ़ सकेगी। पहले भी एंटवर्प की अपीलीय अदालत ने भारत के प्रत्यर्पण अनुरोध को सही ठहराया था।
अदालतों की अब तक की टाइमलाइन
29 नवंबर 2024 को जिला अदालत के प्री-ट्रायल चैंबर ने गिरफ्तारी वारंट को सही माना। 17 अक्टूबर 2025 को एंटवर्प कोर्ट ऑफ अपील ने प्रत्यर्पण को मंजूरी दी। 10 दिसंबर 2025 को बेल्जियम सुप्रीम कोर्ट ने चोकसी की अंतिम अपील खारिज कर दी। अब भारत को चोकसी की वापसी की प्रक्रिया शुरू करने में महत्वपूर्ण बढ़त मिल गई है।
Reporter | Samachar Post