Samachar Post रिपोर्टर,चतरा :झारखंड के चतरा स्थित मगध और आम्रपाली कोयला परियोजनाओं ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में शानदार प्रदर्शन करते हुए नया रिकॉर्ड बनाया है। सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (CCL) को इन दोनों परियोजनाओं से करीब 36 मिलियन टन कोयला उत्पादन और लगभग 3000 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ है। इस उपलब्धि का श्रेय सीसीएल के सीएमडी निलेंदु कुमार सिंह के नेतृत्व को दिया जा रहा है।
यह भी पढ़ें :रांची में पुलिस की बड़ी कार्रवाई: हत्या मामले में फरार दोनों आरोपी गिरफ्तार
आम्रपाली परियोजना: चुनौतियों के बीच प्रदर्शन
आम्रपाली परियोजना को इस साल कई बाधाओं का सामना करना पड़ा। टेंडर विवाद के कारण 4 महीने काम प्रभावित
लक्ष्य से करीब 8 मिलियन टन कम उत्पादन हुई। इसके बावजूद परियोजना ने 16.50 मिलियन टन उत्पादन, करीब 1300 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ है। जीएम संजीव कुमार, पीओ मो. अकरम और मैनेजर एस के सिन्हा की टीम ने कठिन हालात में भी उत्पादन बनाए रखा।
मगध परियोजना: स्थिर प्रदर्शन, बड़ा लाभ
मगध परियोजना ने इस वित्तीय वर्ष में मजबूत और संतुलित प्रदर्शन किया 20 मिलियन टन उत्पादन, 18.84 मिलियन टन डिस्पैच, करीब 1700 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ है। जीएम चितरंजन कुमार, पीओ एस. सत्यनारायणा और मैनेजर राकेश कुमार की टीम ने इसमें अहम भूमिका निभाई।
CCL को मिला बड़ा फायदा
दोनों परियोजनाओं के संयुक्त प्रदर्शन ने सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड की आय को मजबूती दी है। कुल उत्पादन 36 मिलियन टन, कुल मुनाफा करीब 3000 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ। यह उपलब्धि कंपनी के लिए बड़ी सफलता मानी जा रही है। सीसीएल ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए और बड़ा लक्ष्य तय किया है आम्रपाली 24.5 मिलियन टन, मगध 24 मिलियन टन, चंद्रगुप्त 4.5 मिलियन टन हुआ। अधिकारियों का कहना है कि बेहतर योजना और प्रबंधन से इस लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है।
Reporter | Samachar Post