Samachar Post रिपोर्टर, पलामू: रामनवमी के अवसर पर पलामू जिले के शाहपुर इलाके में इस बार आस्था के साथ-साथ भाईचारे की भी अनोखी मिसाल देखने को मिली। एक ओर जहां मंदिरों में पूजा-अर्चना और जय श्रीराम के जयकारे गूंजते रहे, वहीं दूसरी ओर ईद मिलन कार्यक्रम के जरिए दोनों समुदायों ने मिलकर सौहार्द का संदेश दिया। रामनवमी के मौके पर पूरे शाहपुर क्षेत्र में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ मंदिरों में उमड़ पड़ी। लोगों ने भगवान श्रीराम की पूजा कर सुख-शांति की कामना की। गली-मोहल्लों में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला।
ईद मिलन सह सम्मान समारोह ने जीता दिल
इस खास मौके पर मुहर्रम इंतजामिया कमेटी की ओर से ईद मिलन सह सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में श्री महावीर नवयुक दल (शाहपुर) के पदाधिकारियों और सदस्यों को पगड़ी बांधकर और मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। यह आयोजन आपसी सम्मान और एकता की मिसाल बन गया।
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एक मंच पर दिखी गंगा-जमुनी तहजीब
कार्यक्रम की अध्यक्षता मोहम्मद रुस्तम मंसूरी ने की, जबकि संचालन बबलू कुरैशी ने किया। इस दौरान हिंदू और मुस्लिम दोनों समुदायों के लोग एक मंच पर नजर आए और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का संकल्प लिया। श्री महावीर नवयुक दल के अध्यक्ष मुकेश जायसवाल (लड्डू) ने कहा कि यह परंपरा पूर्वजों के समय से चली आ रही है और इसे आगे भी जारी रखा जाएगा। वहीं संरक्षक भोला पांडेय ने कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज में सकारात्मक माहौल बनता है।
शाहपुर बना मिसाल
कमेटी के सदर मोहम्मद रुस्तम मंसूरी ने कहा कि समाज की खूबसूरती एक-दूसरे के सुख-दुख में साथ खड़े रहने में है। उन्होंने शाहपुर के इस भाईचारे को पूरे राज्य और देश के लिए प्रेरणादायक बताया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी रही। सभी ने मिलकर यह संदेश दिया कि आपसी एकता और मेल-जोल से ही समाज मजबूत बनता है। रामनवमी के अवसर पर शाहपुर की यह पहल गंगा-जमुनी तहजीब की एक खूबसूरत तस्वीर पेश करती है।
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