रांची में बढ़ी कड़ाके की ठंड, अगले दो दिनों में और गिर सकता है तापमान

Rupa Kumari | December 10, 2025 | 10:59 AM IST

Samachar Post रिपोर्टर, रांची : राजधानी रांची समेत पूरे झारखंड में ठंड का प्रकोप तेजी पकड़ रहा है। मौसम केंद्र के अनुसार मंगलवार से तापमान में गिरावट का दौर शुरू हो गया है, जो अगले तीन दिनों तक जारी रह सकता है। इस दौरान न्यूनतम तापमान में करीब 2 डिग्री तक की कमी दर्ज होने की संभावना है। मंगलवार को न्यूनतम तापमान हल्की बढ़ोतरी के साथ 10.6 डिग्री दर्ज किया गया, लेकिन शाम ढलते ही ठंडी हवा और कनकनी ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। विशेषकर दोपहिया वाहन चालकों को तेज हवा के कारण काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। विभाग ने आने वाले दिनों में आसमान साफ बने रहने के आसार जताए हैं।

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15 दिसंबर के बाद बढ़ेगी शीतलहर की तीव्रता

मौसम विभाग का कहना है कि 14 दिसंबर से सुबह के समय कोहरा घना होने लगेगा, जबकि 15 दिसंबर के बाद शीतलहर का असर और तेज हो सकता है। इससे ठिठुरन में भी बढ़ोतरी की संभावना है। झारखंड के कई जिले शीतलहर की चपेट में राज्य के ज्यादातर जिलों में तापमान लगातार नीचे जा रहा है। रांची और गुमला सबसे ठंडे जिलों में शामिल हैं, जहां पारा 5 डिग्री तक पहुंच गया है। बोकारो, हजारीबाग और मध्य झारखंड में तापमान 5 से 11 डिग्री के बीच रिकॉर्ड हुआ। चतरा, पलामू, गढ़वा, लातेहार, लोहरदगा में तापमान 6 से 10 डिग्री रहा। देवघर, दुमका, गोड्डा, पाकुड़ और साहिबगंज में पारा 9 से 14 डिग्री के बीच है। दक्षिणी झारखंड में दिन का तापमान 27-28 डिग्री रहने से कुछ राहत बनी हुई है। वहीं विभाग का अनुमान है कि उत्तर-पश्चिमी हवाओं और साफ आसमान के प्रभाव से रांची, गुमला, पलामू और चतरा में तापमान आने वाले दिनों में 2-3 डिग्री और गिर सकता है।

स्वास्थ्य विभाग का अलर्टबच्चे, बुजुर्ग और मरीज रहें सावधान

ठंड में तेज़ी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने राज्यभर में अलर्ट जारी किया है। विभाग ने 6 वर्ष से कम उम्र के बच्चों, गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों और डायबिटीज, बीपी तथा सांस से जुड़ी बीमारियों से पीड़ित लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। स्वास्थ्य विभाग ने कहा है कि ऐसे लोग बाहर कम निकलें और सिर, गला, छाती तथा हाथ-पैर पूरी तरह ढककर रखें। लंबे समय तक खुले में ठहरने से भी बचना चाहिए। आपात स्थिति में हेल्पलाइन 108 और 104 पर तुरंत संपर्क करने की अपील की गई है। शीतलहर की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन ने पूरे राज्य में जागरूकता अभियान चलाने और सभी जिलों को आवश्यक निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने को कहा है।

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