रिवर व्यू रिजॉर्ट पर जांच का दायरा बढ़ा: उगाही के साथ अवैध गतिविधियों के संकेत, संचालक ने आरोपों को नकारा

Rupa Kumari | March 26, 2026 | 12:51 PM IST

Samachar Post रिपोर्टर, पलामू : गैंगस्टर प्रिंस खान से जुड़े उगाही नेटवर्क की जांच में नया मोड़ आया है। पुलिस जांच के दौरान मेदिनीनगर स्थित रिवर व्यू रिजॉर्ट का नाम सामने आया है, जहां से न सिर्फ रंगदारी वसूली बल्कि अन्य संदिग्ध गतिविधियों के संचालन के भी संकेत मिले हैं।

रिजॉर्ट को बनाया गया ‘सेफ हब’

सूत्रों के अनुसार, रिजॉर्ट को गिरोह के लिए सुरक्षित ठिकाने की तरह इस्तेमाल किया जा रहा था। यहां बैठकर नेटवर्क के सदस्य उगाही की योजना बनाते, संपर्क साधते और पैसों के लेन-देन की रणनीति तैयार करते थे। जांच में सामने आया है कि अभिषेक नामक एक कर्मचारी इस पूरे नेटवर्क में अहम कड़ी था। वह पलामू प्रमंडल के कारोबारियों से उगाही कर रकम को गिरोह तक पहुंचाने का काम करता था। बताया जा रहा है कि पूरी गतिविधि काफी समय से चल रही थी।

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स्थानीय लोगों को पहले से था शक

स्थानीय लोगों का कहना है कि रिजॉर्ट में लंबे समय से संदिग्ध गतिविधियां देखी जा रही थीं, लेकिन डर और दबाव के कारण किसी ने खुलकर शिकायत नहीं की। पुलिस अब कॉल डिटेल, बैंकिंग ट्रांजैक्शन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।

संचालक ने सभी आरोपों को बताया बेबुनियाद

वहीं, रिवर व्यू रिजॉर्ट के संचालक शैलेंद्र सिंह ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उनका कहना है कि, रिजॉर्ट में किसी भी तरह की अवैध गतिविधि नहीं होती, संबंधित व्यक्ति सीधे रिजॉर्ट प्रबंधन से जुड़ा नहीं था, वह केवल ‘आर डेट कैफे’ में वेटर के रूप में काम करता था। संचालक ने कहा कि अगर किसी स्तर पर कुछ गलत हुआ है, तो उसकी जानकारी प्रबंधन को नहीं थी।

जांच में सहयोग का भरोसा

रिजॉर्ट प्रबंधन ने पुलिस को हर संभव सहयोग देने की बात कही है। साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका संस्थान नियमों के तहत संचालित होता है और उनकी प्राथमिकता ग्राहकों को सुरक्षित माहौल देना है। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है। मामले में और लोगों की संलिप्तता सामने आने की संभावना है, जिससे जांच का दायरा और बढ़ सकता है।

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