Samachar Post रिपोर्टर, रांची : बुद्धा बिरसा एसोसिएशन ऑफ पीडियाट्रिक सर्जन्स (BBAPS) का द्वितीय वार्षिक सम्मेलन 27 और 28 फरवरी को रिम्स रांची में आयोजित किया जाएगा। दो दिवसीय इस सम्मेलन को लेकर बुधवार को प्रेस वार्ता आयोजित की गई। रिम्स के चिकित्सा अधीक्षक एवं शिशु शल्य चिकित्सक प्रो. (डॉ.) हिरेंद्र बिरुआ ने कहा कि झारखंड में पहली बार पीडियाट्रिक सर्जरी के क्षेत्र में इस स्तर का सम्मेलन हो रहा है। उन्होंने बताया कि BBAPS बिहार और झारखंड के शिशु शल्य चिकित्सकों का संयुक्त संगठन है। सम्मेलन में देशभर के ख्यातिप्राप्त विशेषज्ञ भाग लेंगे।
60-70 विशेषज्ञ अन्य राज्यों से होंगे शामिल
सम्मेलन के आयोजन सचिव और रिम्स शिशु शल्य विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अभिषेक रंजन ने बताया कि इस आयोजन में बिहार-झारखंड के अलावा कोलकाता, लखनऊ, वाराणसी, दिल्ली, गुरुग्राम, पांडिचेरी और विभिन्न एम्स संस्थानों से विशेषज्ञ भाग लेंगे। लगभग 60 से 70 प्रतिनिधि अन्य राज्यों से सम्मेलन में शामिल हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस मंच के माध्यम से राज्य के चिकित्सकों को अग्रणी विशेषज्ञों से सीधे संवाद और अनुभव साझा करने का अवसर मिलेगा। नई तकनीकों, आधुनिक उपकरणों, रोबोटिक सर्जरी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उपयोग पर चर्चा से झारखंड में स्वास्थ्य सेवाओं के आधुनिकीकरण को बढ़ावा मिलेगा।
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सुपर-स्पेशियलिटी सेवाओं को मिलेगा बल
विशेषज्ञों का मानना है कि बच्चों की सर्जरी वयस्कों से पूरी तरह अलग होती है और इसके लिए विशेष प्रशिक्षण व उपकरणों की आवश्यकता होती है। ऐसे सम्मेलनों से युवा चिकित्सकों को प्रेरणा मिलेगी और राज्य में सुपर-स्पेशियलिटी सेवाओं का विस्तार होगा। इससे गंभीर बीमारियों का इलाज स्थानीय स्तर पर संभव हो सकेगा और बड़े शहरों में रेफरल व आर्थिक बोझ में कमी आएगी। प्रेस वार्ता में रिम्स शिशु शल्य विभाग से डॉ. श्याम सुन्दर साहू, डॉ. अभिषेक कुमार सिंह, अंकुर हॉस्पिटल से डॉ. जैनेन्द्र कुमार और रानी चिल्ड्रन हॉस्पिटल से डॉ. इमरान भी उपस्थित रहे।
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