Samachar Post रिपोर्टर,हजारीबाग :झारखंड के हजारीबाग में नकली NCERT किताबों की बिक्री का मामला सामने आने के बाद जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। प्रशासन ने शहर की तीन पुस्तक दुकानों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। आरोप है कि इन दुकानों में कक्षा 9 की नकली NCERT किताबें बेची जा रही थीं। कार्रवाई के बाद किताब कारोबारियों में हड़कंप मच गया है। जिन दुकानों पर कार्रवाई हुई है उनमें संगम बुक डिपो, ज्ञान भंडार-वन और ज्ञान भंडार-टू शामिल हैं।
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DC के निर्देश पर हुई छापेमारी
जिला प्रशासन को सूचना मिली थी कि इन दुकानों पर NCERT के नाम पर नकली किताबें बेची जा रही हैं। इसके बाद उपायुक्त हेमंत सती के निर्देश पर प्रशासनिक टीम ने शुक्रवार शाम करीब पांच बजे तीनों दुकानों पर एक साथ छापेमारी की। जांच के दौरान अधिकारियों ने दुकानों में रखी किताबों की बारीकी से जांच की। कई किताबों पर असली पहचान वाला होलोग्राम नहीं मिला। इसके अलावा किताबों की प्रिंट क्वालिटी और पन्नों की गुणवत्ता भी बेहद खराब पाई गई।
छात्रों से पुरानी NCERT किताबें खरीदकर दूसरे छात्रों को बेचते हैं- दुकानदारों की सफाई
जांच के दौरान दुकानदारों ने दावा किया कि वे छात्रों से पुरानी NCERT किताबें खरीदकर दूसरे छात्रों को बेचते हैं। हालांकि शुरुआती जांच में मामला केवल पुरानी किताबों की खरीद-बिक्री का नहीं, बल्कि नकली किताबों के कारोबार का प्रतीत हुआ। इसी आधार पर प्रशासन ने कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।
कॉपीराइट एक्ट के तहत दर्ज हुआ मामला
छापेमारी के दौरान संदिग्ध किताबों को जब्त कर लिया गया। स्थानीय लोगों की मौजूदगी में पूरी प्रक्रिया पूरी की गई। इसके बाद संबंधित दुकानदारों के खिलाफ कॉपीराइट अधिनियम 1957 के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट कहा है कि शिक्षा के नाम पर किसी भी प्रकार की गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन ने अभिभावकों से अपील की है कि वे बच्चों के लिए किताबें केवल अधिकृत और प्रमाणिक दुकानों से ही खरीदें।
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