Samachar Post रिपोर्टर,रांची :झारखंड की झारखंड सरकार ने नए बजट में विकास को ज़मीन तक ले जाने का खाका पेश किया है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की सरकार ने इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य, शिक्षा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को प्राथमिकता दी है। सबसे बड़ा ऐलान हर प्रखंड में पलाश मार्ट की स्थापना।
इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर, स्वास्थ्य सेवाओं में अपग्रेड
सड़कों और फ्लाईओवर का निर्माण, शहरी व ग्रामीण बुनियादी ढांचे में सुधार, गांवों तक मूलभूत सुविधाएं पहुंचाने पर फोकस, सरकार का लक्ष्य है कि विकास का लाभ सीधे ब्लॉक और पंचायत स्तर तक पहुंचे। सभी मेडिकल कॉलेजों में PET स्कैन सेंटर, जिला अस्पतालों में मेमोग्राफी सुविधा, कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों की समय पर जांच, इससे मरीजों को राज्य से बाहर जाने की जरूरत कम होगी। नए विश्वविद्यालयों की स्थापना, जनजातीय मेडिकल कॉलेज, स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी, आयुष कॉलेज उद्देश्य राज्य के छात्रों को उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर देना। बड़े प्रोजेक्ट्स के बजाय छोटे और व्यवहारिक योजनाओं को प्राथमिकता दी जाएगी, ताकि हर क्षेत्र में तेज और संतुलित विकास हो सके।
यह भी पढ़ें :थोड़ी देर में पेश होगा ‘अबुआ बजट’ 2026, ग्रीन बस्ते में सुनहरे झारखंड का विजन
हर प्रखंड में पलाश मार्ट
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने के लिए राज्य के सभी प्रखंडों में “पलाश मार्ट” खोले जाएंगे। स्थानीय कारीगरों और स्वयं सहायता समूहों को सीधा बाजार, ग्रामीण उत्पादों की ब्रांडिंग और बिक्री, किसानों और महिलाओं की आय में वृद्धि होगी सरकार का मानना है कि यह पहल गांवों में रोजगार और आत्मनिर्भरता को नई रफ्तार देगी। झारखंड का यह बजट विकास और स्थानीय सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। आने वाले समय में इन घोषणाओं का असर जमीनी स्तर पर कितना दिखेगा, इस पर सबकी नजर रहेगी।
Reporter | Samachar Post