Samachar Post रिपोर्टर,गुमला :गुरुवार को झारखंड हाईकोर्ट में गुमला जिले के चैनपुर थाने में एक निर्दोष व्यक्ति की बेरहमी से पिटाई के मामले में सुनवाई करते हुए नाराज़गी जताई और जल्द से जल्द करवाई की मांग की है। गुमला के एसपी हारिस बिन जमा ने थाना प्रभारी कृष्ण कुमार को निलंबित कर दिया और साथ ही तीन पुलिसकर्मियों दिनेश कुमार, नंदकिशोर महतो और निर्मल राय को लाइन हाज़िर किया गया।
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कानून के राज में इस तरह की घटनाएं होना सही संकेत नहीं- कोर्ट
कोर्ट ने सुनवाई के दौरान सख्त टिपण्णी करते हुए कहा कि कानून के राज में इस तरह की घटनाएं होना सही संकेत नहीं है। गुमला एसपी ने खुद ग़लती स्वीकार किया। और बताया कि पीड़ित के ससुर के खिलाफ वारंट जारी था, पीड़ित की पुलिस से फोन पर बात हुई थी। इसी मामले में पूछताछ के लिए थाना लाया गया था। अदालत ने सवाल उठाया और पूछा कि क्या किसी से फोन पर बात कर लेने भर से पुलिस को किसी व्यक्ति को थाने के जा कर पीटने का अधिकार है? ये मामला तब सामने आया जब पीड़ित क्यूम चौधरी की पत्नी नबीजा बीबी ने आरोप लगाया है कि 1 दिसंबर को पुलिस ने उनके पति को बिना किसी एफआईआर के थाने ले जाकर बेरहमी से पिटाई की।
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