Samachar Post रिपोर्टर, रांची :घाटे से जूझ रही हैवी इंजीनियरिंग कॉरपोरेशन (एचईसी) ने अपनी आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए अपनी खाली जमीन का व्यावसायिक उपयोग करने की योजना बनाई है। कंपनी स्मार्ट सिटी क्षेत्र के पास करीब 28 एकड़ भूमि पर मॉल और कॉमर्शियल कॉम्प्लेक्स विकसित करने की तैयारी कर रही है।
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निर्माण कार्य में एनबीसीसी की भागीदारी की संभावना
सूत्रों के अनुसार, इस परियोजना में एनबीसीसी (NBCC) की भागीदारी हो सकती है। एचईसी या तो खुद निर्माण करेगी या एनबीसीसी के साथ मिलकर प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाएगी। प्रबंधन को उम्मीद है कि इस निवेश से स्थायी आमदनी के साथ-साथ आसपास के इलाके में व्यापारिक गतिविधियां बढ़ेंगी। इसके अलावा स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। योजना के अनुसार निर्माण कार्य अगले वर्ष से शुरू हो सकता है। कर्मचारियों से जुड़े मुद्दों को लेकर यूनियनों में अभी भी चिंता है। मंगलवार को एचईसी की तीन प्रमुख यूनियनों ने बैठक कर निदेशक और निदेशक से हाल ही में हुई बातचीत की समीक्षा की। यूनियनों ने मांग रखी है कि 25 दिसंबर से पहले कर्मचारियों का वेतन और बीपीएफ का भुगतान किया जाए, साथ ही इस महीने समाप्त हो रही मेडिकल बीमा योजना का समय पर नवीकरण किया जाए।
यूनियनों और बोर्ड की आगामी बैठकें
एचईसी की वर्तमान वित्तीय स्थिति को देखते हुए 21 दिसंबर को सभी आठ यूनियनों की संयुक्त बैठक बुलाने का निर्णय लिया गया है। इस बैठक में विभिन्न यूनियन प्रतिनिधि शामिल होंगे। इसी महीने एचईसी बोर्ड की बैठक होने की संभावना है, जिसमें स्मार्ट सिटी परियोजना के लिए 500 एकड़ जमीन देने के प्रस्ताव पर चर्चा की जाएगी। मंजूरी मिलने पर इस योजना से प्राप्त धनराशि का उपयोग कंपनी की वित्तीय मजबूती बढ़ाने और करीब 2100 करोड़ रुपये की देनदारियों के निपटारे में किया जाएगा।
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