Samachar Post डेस्क, रांची : शुरुआती कारोबार में भारतीय शेयर बाजार में तेजी देखने को मिली। सेंसेक्स 324 अंक (0.39%) की बढ़त के साथ 83,783 पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी 67 अंक (0.26%) ऊपर होकर 25,664 पर खुला। वहीं डॉलर के मुकाबले रुपया 13 पैसे मजबूत होकर 88.57 पर ट्रेड कर रहा था। तेजी के पीछे वैश्विक संकेतों और ऑटोमोबाइल शेयरों के मजबूत प्रदर्शन को प्रमुख कारण बताया जा रहा है। निफ्टी ऑटो में सबसे अधिक 0.91% की बढ़त रही, जबकि एफएमसीजी सेक्टर 0.77% ऊपर रहा। हालांकि मेटल शेयरों में 1.01% की गिरावट देखने को मिली। निफ्टी पैक में एशियन पेंट्स, एसबीआई, एलएंडटी और एनटीपीसी लाभार्थियों में रहे, जबकि हिंडाल्को, श्रीराम फाइनेंस, बजाज फाइनेंस, अपोलो हॉस्पिटल्स और डॉ. रेड्डीज लैब्स में गिरावट दर्ज की गई। ब्रॉडकैप सूचकांकों का रुख इसके विपरीत रहा, निफ्टी मिडकैप 100 में 0.10% और निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 0.24% की गिरावट आई। वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही में भारतीय कंपनियों ने उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया, खासकर मिड-कैप कंपनियों की आय में साल-दर-साल 14% की वृद्धि दर्ज हुई। विशेषज्ञों का कहना है कि यह सुधार निवेशकों का भरोसा बढ़ा रहा है, हालांकि एफआईआई की बिकवाली बाजार पर दबाव बनाए रखे हुए है।
यह भी पढ़ें: बिहार विधानसभा चुनाव LIVE: 2 घंटे में 13.13% मतदान, बूथों पर दिखी लंबी कतारें
वैश्विक बाजारों का हाल
अमेरिकी बाजार बुधवार को सकारात्मक रुख में रहे, एसएंडपी 500 में 0.4%, डॉव जोन्स में 0.5% और नैस्डैक में 0.6% की बढ़त दर्ज हुई। एशियाई बाजारों में भी तेजी रही जापान का निक्केई 1.45%, हांगकांग का हैंग सेंग 1.69%, दक्षिण कोरिया का कोस्पी 1.58% और चीन का शंघाई सूचकांक 0.88% ऊपर गया। मंगलवार को एफआईआई ने 1,883 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जबकि डीआईआई लगातार सातवें सत्र में खरीदार रहे और उन्होंने 3,516 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के मुख्य निवेश रणनीतिकार डॉ. वी.के. विजयकुमार के अनुसार, निफ्टी के लिए तत्काल प्रतिरोध स्तर 25,700, जबकि समर्थन स्तर 25,450–25,500 के बीच है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में बाजार की नजर अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट में डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ मामले के फैसले पर रहेगी।
Reporter | Samachar Post
मैंने सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ झारखंड से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री ली है। पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर मेरा अनुभव फिलहाल एक साल से कम है। सामाचार पोस्ट मीडिया के साथ जुड़कर स्टाफ रिपोर्टर के रूप में काम कर रही हूं।