Samachar Post रिपोर्टर,रांची :मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने सभी जिलों के उप निर्वाचन पदाधिकारियों के साथ ऑनलाइन समीक्षा बैठक कर मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि आगामी एसआईआर प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए वर्तमान मतदाता सूची की अधिक से अधिक 2003 की मतदाता सूची से पैरेंटल मैपिंग की जानी चाहिए।
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पैरेंटल मैपिंग से होगी एन्यूमरेशन आसान
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि जितने अधिक मतदाताओं की 2003 की सूची से मैपिंग होगी, उन्हें एन्यूमरेशन फॉर्म भरने में सुविधा होगी। उन्होंने फील्ड स्तर पर मैपिंग कार्य में किसी प्रकार की देरी या लापरवाही बर्दाश्त न करने के निर्देश दिए।
बीएलओ पर सख्त निर्देश
के. रवि कुमार ने BLOs को भी स्पष्ट निर्देश दिए कि यदि कोई निर्वाचन संबंधी कार्यों में आनाकानी करता है तो उसकी रिपोर्ट विभाग को भेजकर निलंबन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी और आवश्यकतानुसार नए BLO की तैनाती की जाएगी।
फील्ड विजिट और समस्या समाधान
बैठक में सभी जिलों के मैपिंग कार्य की बिंदुवार समीक्षा की गई। अधिकारियों को फील्ड विजिट कर जमीनी स्तर की समस्याओं की पहचान करने और तत्परता से उनका निराकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। कार्य में तेजी लाने पर विशेष जोर दिया गया।
मतदान केंद्रों के युक्तिकरण पर चर्चा
समीक्षा बैठक में मतदान केंद्रों के युक्तिकरण से संबंधित जानकारी उप निर्वाचन पदाधिकारी धीरज कुमार ठाकुर ने पीपीटी के माध्यम से प्रस्तुत की। इस अवसर पर संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सुबोध कुमार, नोडल पदाधिकारी देव दास दत्ता, उप निर्वाचन पदाधिकारी धीरज ठाकुर, अवर निर्वाचन पदाधिकारी सुनील कुमार सहित कार्यालय के अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।
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